कार्यक्रम.कलाकारों की शानदार प्रस्तुति पर थिरकते रहे श्रोता
मोतिहारी : रह जात बबुआ चार दिन आउर,कहवा से आवतार,केने जइब राउ, बिरहा की प्रस्तुति उत्तर प्रदेश के कलाकार मुन्नु यादव व उनकी टीम ने जब की तब पूरा माहौल,भारतीय इतिहास व सनातन की याद में डूब गया.देश के लिए कैसे कुर्बानी भारतीयों ने दी, इस गायन में पूरी तरह से झलक रही थी. मौका था नगर भवन के मैदान में संगीत नाटक अकादमी दिल्ली व बिहार सरकार द्वारा आयोजित लोक जात्रा कार्यक्रम का.
पटना के कलाकार सिमरन श्रुति व उनकी टीम की झूमर को श्रोताओं ने खूब सराहा और तालियों की गडगडाहत से गीत को स्वागत किया.झूमर गीत ,मोरा पिछवार बा,जियरा के गछिया,बह जाये वह बेयरिया— श्रोताओं को झमने के लिए मजबूर कर दिया. खुशी,उत्सव व मुहब्बत की जमकर बारिश होती रही और नफरत की कहीं कोई गुंजाइंश नहीं दिखी.कलाकारों की प्रस्तुति के सामने समय कब निकल गया श्रोताओं को पता नहीं चला. मौके पर अकादमी के सदस्या नीतु कुमारी नूतन,केबीसी विजेता सुशील कुमार,उपभोक्ता फोरम के सदस्या अजहर हुसैन अंसारी,भाजपा नेत्री विंटी शर्मा सहित बडी संख्या में श्रोता उपस्थित थे.मंच का संचालन एमएस काॅलेज के प्राध्यापक डाॅ प्रो अरुण कुमार कर रहे थे.
शानदार प्रस्तुति : कार्यक्रम में जाट-जाटिन व डोमकच की भी प्रस्तुति काफी शानदार रही.सवेरा कला केंद्र पटना व मधुबनी के कलाकार जाट-जाटिन की अनोखी प्रस्तुति से सभी झूमते रहे और कलाकारों की हौसला-अफजायी करते रहे.मधुबनी के कलाकार फुलदेवी व उनकी टीम ने जाट-जाटिन की वास्तविक जिंदगी से श्रोताओं को रू-ब-रू कराया. नालंदा संगीत कला विकास केंद्र को कलाकारों ने मगही लोक व पारंपरिक गीत की शानदार प्रस्तुति दी. इस तरह से पूरा पूरा कार्यक्रम श्रोताओं व मोतिहारी वासियों के नाम रहा.
