मनोज, सुमन व सुबोध को पुलिस लेगी रिमांड पर
18 जनवरी को फायरिंग के बाद 30-30 लाख की मांगी रंगदारी
पकड़ीदयाल में तीन की हत्या के
बाद तीन से रंगदारी
फरार के खिलाफ निकलेगा
कुर्की का वारंट
मोतिहारी : पकड़ीदयाल में 18 जनवरी को एके-47 से तीन लोगों की हत्या के बाद तीन रोज पूर्व तीन व्यवसायियों से 30-30 लाख रुपये रंगदारी मांगने का खुलासा हो गया है. शिकारगंज के हराज नुरूल्लाह से गिरफ्तार निरंजन कुमार सिंह गोलीबारी की घटना में लाइनर की भूमिका में था और फेनहारा फुलवार का गिरफ्तार मृत्युंजय ठाकुर के मोबाइल में रंगदारी वाले एयरसेल सिम 7301635801 का प्रयोग हुआ है. पुलिस ने मोबाइल को जब्त कर लिया है. दोनों घटनाओं में गिरफ्तार दोनों की संलिप्तता सामने आयी है. एएसपी विजय कुमार ने बताया कि पूछताछ में जो बात सामने आयी है वह अब तक घटना की आड़ में रंगदारी की पृष्ठभूमि ही है. वैसे आपसी ठेकेदारी विवाद की भी जांच चल रही है. मृत्युंजय ठाकुर निर्माणाधीन चैता पुल का मुंशी है.
इस दौरान उसकी पहचान आजाद हिंद फौज के सदस्यों से हुई है. वहीं निरंजन सिंह के यहां सदस्यों का पूर्व से आना-जाना है. दोनों मामले में जेल में बंद अपराधियों सहित 15-20 लोगों की संलिप्तता सामने आयी है. एएसपी ने बताया कि आजाद हिंद फौज के सदस्यों यथा मनोज सिंह, सुबोध सिंह, सुमन सिंह को कानूनी प्रक्रिया पूरी कर रिमांड पर लिया जायेगा. चिन्हित फरार अपराधियों के खिलाफ कोर्ट से कुर्की वारंट निर्गत करा कार्रवाई की जायेगी. एसटीएफ की चीता टीम लगातार छापेमारी कर रही है. अन्य संलिप्त अपराधी भी वैज्ञानिक अनुसंधान में पकड़े जायेंगे.
