बिहार बंद. माले कार्यकर्ता व टेंपो चालक कई जगह भिड़े
मोतिहारी : कपा माले द्वारा टॉपर घोटाला व शिक्षा के स्तर में हो रही गिरावट के सवाल पर सोमवार को आहूत बिहार बंदी के दौरान नोक-झोंक हुई और टेंपो का शीशा फोड़ा गया. यह घटना उस समय हुई जब संजीव कुमार नामक टेंपो चालक स्टेशन से टेंपो लेकर आ रहा था. कार्यकर्ताओं ने टेंपो को रुकवाया और डंडा से शीशा फोड़ दिया. उसके बाद जुलूस आगे बढ़ा और रास्ते में तीन अन्य चालक विजय,कुमार,सोनू कुमार व विक्की कुमार का सामने हुआ. ये तीनों चालक टेंपो लेकर आ रहे थे. उन्हें
आंदोलनकारियों ने रोक दिया और बंदी के दिन गाड़ी चलाने पर लाठी व डंडा बरसाया गया. तीन को चोट आयी है.
इस कारण पूरे शहर में कुछ देर के लिए अफरा तफरी का माहौल कायम रहा. सुबह में स्टेशन चौक से जुलूस निकला जो नगर थाना,
गांधी चौक व मीना बाजार होते हुए ज्ञानबाबू चौक पहुंचा और फिर वापस छतौनी तक गया. जुलूस का नेतृत्व जिला सचिव प्रभु देव यादव कर रहे थे जबकि उनके साथ प्रभूदयाल सिंह,राघव साह, रूपलाल शर्मा, जितलाल सहनी, दिनेश प्रसाद कुशवाहा, राजेश कुमार, भोला साह, विश्ववेश्वर प्रसाद कुशवाहा,अतिउल्लाह मिया उपस्थित थे. छतौनी चौक पर आंदोलनकारियों ने एनएच को जाम कर दिया जिससे आवागमन घंटों
बाधित रहा.
मुआवजे की मांग : टेंपो चालक संघ के अध्यक्ष शकील रजा ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है. कहा कि इस तरह की घटना भविष्य में न हो. इसके लिए संघ का एक शिष्टमंडल मिला और मुआवजा देने की मांग की है.
नगर थाना में की शिकायत : चालक संजीव कुमार ने नगर थाना में एक आवेदन देकर घटना की शिकायत की है. दिये आवेदन में शीशा फोडे जाने का उल्लेख किया गया है और मुआवजा दिलाने की मांग की गयी है.
ग्यारह बजे तक दिखा बंदी का असर: बंदी का असर दिन के ग्यारह बजे तक दिखा.ग्यारह बजने के साथ ही स्थिति सामान्य हो गयी और शहर के मेन रोड, स्टेशन रोड, जानपुल रोड सहित अन्य क्षेत्रों की दुकानें व प्रतिष्ठानें खुल गयी. गाड़ियाें का आवागमन भी शुरू हो गया और लोग अपनी मंजिल की ओर चल दिये.
छतौनी चौक पर एनएच-28 को जाम कई घंटे बाधित रहा आवागमन
