Buxar News: बक्सर के चीनी मिल स्थित साबित खिदमत फाउंडेशन एंड हॉस्पिटल में जीवनरक्षक प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया. शिविर में करीब 150 लोगों को सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) और आपातकालीन परिस्थितियों में प्राथमिक उपचार की तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया. कार्यक्रम का उद्देश्य आम लोगों को ऐसी परिस्थितियों में त्वरित सहायता देने के लिए प्रशिक्षित करना था.
'लाइफ सेविंग कैंपेन' के तहत चल रहा जागरूकता अभियान
संस्था की ओर से बताया गया कि यह प्रशिक्षण शिविर "लाइफ सेविंग कैंपेन" के तहत आयोजित किया गया. इस अभियान के माध्यम से अब तक करीब दो लाख लोगों तक जीवनरक्षक तकनीकों और प्राथमिक उपचार की जानकारी पहुंचाई जा चुकी है. अभियान का उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को प्रशिक्षित कर आपात स्थिति में समय पर मदद उपलब्ध कराने के लिए तैयार करना है.
समय पर प्राथमिक उपचार से बच सकती है जान
संस्था के संस्थापक ने कहा कि किसी भी दुर्घटना या अचानक स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थिति में समय पर दिया गया प्राथमिक उपचार किसी व्यक्ति की जान बचाने में निर्णायक भूमिका निभा सकता है. उन्होंने कहा कि समाज को अधिक सुरक्षित बनाने के लिए लगातार लोगों को सीपीआर और अन्य जीवनरक्षक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है.
स्कूलों और सार्वजनिक स्थानों पर भी चलाया जाएगा अभियान
संस्था ने बताया कि आने वाले दिनों में स्कूलों, सामाजिक संस्थाओं और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर भी इसी तरह के प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे. इसका उद्देश्य ज्यादा से ज्यादा लोगों को आपातकालीन परिस्थितियों में सही तरीके से मदद करने के लिए तैयार करना है.
बड़ी संख्या में लोग रहे मौजूद
शिविर में डॉ. मनीष, ब्रह्मदयाल, मोतीलारी, सोमरिया, ममता, सुनीता, अरुण सिंह, नसीम, राहुल, दीपक, सिम्पी, सलीमुन, प्रिया और फुलवंती सहित संस्था के कई सदस्य एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे. प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को सीपीआर की प्रक्रिया का व्यावहारिक प्रदर्शन भी कराया गया.
