Buxar News : बक्सर जिला के इटाढ़ी रेलवे गुमटी को तत्काल खोलने की मांग को लेकर संघर्ष मोर्चा का अनिश्चितकालीन धरना सोमवार को पांचवें दिन भी जारी रहा. धरने की अध्यक्षता जिला संयोजक सरोज राजभर ने की, जबकि संचालन डॉ. अजीत कुशवाहा ने किया. धरनास्थल पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे और गुमटी जल्द खोलने की मांग दोहराई.
श्रद्धालुओं, छात्रों और किसानों की परेशानी का उठाया मुद्दा
धरने को संबोधित करते हुए जिला संयोजक सरोज राजभर ने कहा कि रेलवे प्रशासन और जिला प्रशासन जनता की समस्याओं के प्रति संवेदनशील नहीं हैं. उन्होंने कहा कि गुमटी बंद रहने से सावन माह में जलाभिषेक के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. इसके अलावा छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है, जबकि किसान, व्यापारी, महिलाएं और बुजुर्ग भी रोजाना आवागमन में परेशानी झेल रहे हैं.
'गुमटी खुलने तक जारी रहेगा संघर्ष'
सरोज राजभर ने कहा कि संघर्ष मोर्चा जनता की लड़ाई अंतिम दम तक लड़ता रहेगा. उन्होंने स्पष्ट किया कि इटाढ़ी रेलवे गुमटी खुलने तक आंदोलन समाप्त नहीं होगा और आवश्यकता पड़ने पर संघर्ष को और व्यापक रूप दिया जाएगा.
प्रशासन को दी आंदोलन तेज करने की चेतावनी
धरनार्थियों ने रेलवे और जिला प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द गुमटी नहीं खोली गई, तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा. उन्होंने कहा कि इससे उत्पन्न होने वाली स्थिति की पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी.
बड़ी संख्या में लोग रहे मौजूद
धरने में जितेंद्र कुमार, अजीत कुमार, महिला नेत्री कृष्णावती देवी, जिला सह संयोजक दिनानाथ ठाकुर, विनोद कुशवाहा, व्यास चंदन, तेजस्वी, जगनारायण सिंह, बीरबल पासवान, राम इकबाल ठाकुर, रमाकांत चंद्रवंशी, राजकुमार गौतम चौहान, जेपी यादव, सूर्यकांति देवी, रीमा देवी, कमलेश राव, रमन राजभर, मिथिलेश राजभर, ददन ठाकुर, मुन्ना ओझा, मनजी राजभर, लाल बाबू माली, गुड्डू शर्मा, दुलार कुशवाहा सहित बड़ी संख्या में संघर्ष मोर्चा के कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे.
