Buxar News : सदर अस्पताल स्थित ब्लड बैंक की कथित कुव्यवस्था को लेकर नियमित रक्तदाता एवं ब्लड बक्सर संस्था के संचालक प्रियेश ने सवाल उठाये हैं. उन्होंने इस संबंध में जिलाधिकारी को पत्र देकर व्यवस्था में सुधार और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग की है. सोमवार को प्रेसवार्ता कर प्रियेश ने ब्लड बैंक की समस्याओं को सामने रखा.
519 रक्तदाताओं का समूह चला रहे हैं प्रियेश
प्रियेश ने बताया कि वह नियमित रक्तदाता हैं और ‘ब्यूटीफुल लाइफ ओनली ऑन डोनाटिंग (ब्लड बक्सर)’ नाम से रक्तदाताओं का समूह संचालित करते हैं. वर्तमान में इस समूह में 19 महिला रक्तदाताओं समेत कुल 519 रक्तदाता जुड़े हैं. संस्था की ओर से नियमित रूप से रक्तदान शिविर आयोजित किये जाते हैं. थैलेसीमिया मरीजों के लिए भी संस्था प्राथमिकता के आधार पर रक्त उपलब्ध कराने का काम करती है.
रेयर ब्लड ग्रुप के डोनर को पानी तक खुद लाने का आरोप
प्रियेश ने आरोप लगाया कि हाल में एक रक्तदाता रेयर ब्लड ग्रुप के लिए रक्तदान करने ब्लड बैंक पहुंचे, लेकिन उन्हें पानी भी स्वयं खरीदकर लाने के लिए कहा गया. उन्होंने कहा कि आपात स्थिति में महिला रक्तदाता और पुरुष रक्तदाता के पहुंचने पर क्रॉस चेक किट उपलब्ध नहीं होने की बात कही गयी. इससे जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराने में परेशानी होती है.
पोर्टल और बोर्ड पर अलग-अलग दिखता है ब्लड स्टॉक
उन्होंने ब्लड स्टॉक की जानकारी को लेकर भी सवाल उठाया. आरोप लगाया कि ब्लड बैंक के पोर्टल पर उपलब्ध स्टॉक और ब्लड बैंक के बोर्ड पर दर्ज स्टॉक में अंतर रहता है. वहीं, रक्तदान शिविर आयोजित करने के दौरान ब्लड बैग उपलब्ध नहीं होने की बात कहकर शिविर लगाने से मना कर दिया जाता है.
कैंप सुबह 10 बजे, कर्मी 11 बजे पहुंचते हैं
प्रियेश ने कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि उनके आने-जाने का समय निर्धारित नहीं है. उन्होंने कहा कि कई बार रक्तदान शिविर सुबह 10 बजे निर्धारित रहता है, लेकिन कर्मी करीब 11 बजे पहुंचते हैं. जून में रक्तदान को लेकर स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ बैठक भी हुई थी, लेकिन उसके निर्देशों का अनुपालन नहीं किया जा रहा है.
अधिकारी एक-दूसरे पर डाल रहे जिम्मेदारी
प्रियेश के अनुसार, ब्लड बैंक की समस्या को लेकर डीएस से बात करने पर सीएस से संपर्क करने को कहा जाता है. वहीं, शिकायत करने पर अधिकारी एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालते हैं. उन्होंने बताया कि शिकायत सहयोग पोर्टल पर भी दर्ज करायी गयी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई.
‘रक्तदाताओं का मनोबल नहीं गिरना चाहिए’
प्रियेश ने कहा कि विपरीत परिस्थितियों में भी प्रशासन की ओर से उनकी टीम से रक्तदान कराने की मांग की जाती है. उनकी संस्था के रक्तदाताओं के सहयोग से बक्सर ब्लड बैंक पूरे शाहाबाद क्षेत्र में अग्रणी रहा है. उन्होंने डीएम से ब्लड बैंक की व्यवस्था में सुधार कराने की मांग करते हुए कहा कि इससे रक्तदाताओं का मनोबल बना रहेगा और जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराया जा सकेगा. प्रेसवार्ता में ब्लड बक्सर के शादाब आलम, अमन अली, सैफ अंसारी, गौतम चौधरी समेत अन्य लोग मौजूद रहे.
