Buxar News : प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत स्थानीय प्रखंड को टीबी मुक्त बनाने की दिशा में शनिवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नावानगर में कार्यक्रम आयोजित किया गया. प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. मुकेश पटेल के नेतृत्व में आयोजित कार्यक्रम में 17 निक्षय मित्रों ने टीबी मरीजों को गोद लेकर उनके उपचार और पोषण की जिम्मेदारी संभाली.
अधिकारियों और शिक्षकों ने बढ़ाया सहयोग का हाथ
अभियान के तहत नावानगर के अंचल अधिकारी शुभांशु शेखर मिश्रा, बीईओ सह बीपीआरओ श्याम बिहारी प्रसाद, मनरेगा पीओ संतोष कुमार, प्रखंड कृषि पदाधिकारी अजय कुमार, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. मुकेश पटेल, कन्या मध्य विद्यालय के प्रधानाध्यापक लाल बहादुर सिंह समेत कई अधिकारियों और शिक्षकों ने टीबी मरीजों को गोद लिया.
बीईओ श्याम बिहारी प्रसाद के नेतृत्व में भगवान सत्यनारायण, मो. मुमताज अली, भीम सिंह, संतोष कुमार, रमेश पांडेय, दिनेश सिंह, रमाकांत प्रसाद, मो. नसीम और छोटे लाल गोंड सहित नौ शिक्षकों ने भी प्रखंड के विभिन्न गांवों के एक-एक टीबी मरीज को गोद लिया.
मरीजों को मिला पोषण किट और पौष्टिक आहार
कार्यक्रम के दौरान गोद लिए गए टीबी मरीजों को पोषण किट और पौष्टिक खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई गई. सरकार की गाइडलाइन के अनुसार निक्षय मित्र अगले छह माह तक मरीजों को नियमित रूप से पोषण आहार उपलब्ध कराएंगे, जिससे उनके इलाज में बेहतर परिणाम मिल सके.
जांच और इलाज में भी मिलेगा सहयोग
प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. मुकेश पटेल ने बताया कि निक्षय मित्रों की ओर से छह माह तक मुफ्त राशन उपलब्ध कराया जाएगा. यदि किसी मरीज को विशेष जांच या अन्य चिकित्सकीय सहायता की आवश्यकता होगी तो उसमें भी सहयोग किया जाएगा. उन्होंने लोगों से टीबी के लक्षण दिखने पर समय पर जांच कराने और इलाज पूरा करने की अपील की, ताकि नावानगर को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य हासिल किया जा सके.
