गंगा ग्राम योजना के तहत चयनित चौसा गांव में पर्यटन की संभावनाओं का केंद्रीय टीम ने लिया जायजा
चौसा : चौसा के पर्यटक स्थलों को विकसित करने की योजनाओं को लेकर गठित पर्यटन विभाग की टीम के द्वारा बुधवार को कई ऐतिहासिक स्थलों का निरीक्षण किया गया. पर्यटन मंत्रालय भारत सरकार के डायरेक्टर गोविंद सी.भुयन के द्वारा बुधवार को चौसा युद्ध स्थली, महर्षि च्यवन मुनि आश्रम के साथ-साथ प्रसिद्ध चौसा महादेवा गंगा घाट व रानी घाटों का निरीक्षण किया गया. सी.भुयन ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा गंगा किनारे बसे बिहार के चार गांवों को गंगा ग्राम योजना के लिए चयनित किया गया है,
जिसमें पटना जिले के पंडारक, समस्तीपुर जिला के हेतनपुर व धरनीपट्टी तथा बक्सर जिला के चौसा गांव को शामिल किया गया है. केंद्र सरकार द्वारा उक्त सभी चयनित गांवों को पर्यटन के दृष्टि से डेवलप किया जाना है. चौसा जो गंगा व कर्मनाशा नदी के किनारे बसा हुआ है इसके ऐतिहासिक व पौराणिक महत्व, इसके भौगोलिक स्थितियों को देखने के बाद इसको पर्यटन स्थल बनाने की असीम संभावनाएं हैं. पर्यटन विभाग के डायरेक्टर गोविंद सी.
भुयन ने कहा कि इससे संबंधित एक रिपोर्ट केंद्र सरकार को सौंपा जायेगा. युद्ध स्थली व महर्षि च्यवन आश्रम को विकसित करने के साथ रानी घाट व महादेवा घाट को भी उच्च कोटि के तौर पर डेवलप करने पर यहां पर्यटकों को खींचा जा सकता है. इसकी रूप रेखा तैयार कर सरकार को भेजी जायेगी. निरीक्षण के दौरान बीडीओ अरविंद कुमार सिंह, पूर्व मुखिया बृजबिहारी सिंह आदि भी मौजूद रहे.
