BPSC Prosecution Officer Examination: नालंदा जिला मुख्यालय बिहारशरीफ में बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की अभियोजन पदाधिकारी प्रारंभिक प्रतियोगिता परीक्षा बुधवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शुरू हुई. जिले के 12 परीक्षा केंद्रों पर कुल 6,744 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हो रहे हैं.
12 परीक्षा केंद्रों पर हो रही परीक्षा
बिहारशरीफ स्थित 12 परीक्षा केंद्रों पर बीपीएससी अभियोजन पदाधिकारी प्रारंभिक प्रतियोगिता परीक्षा आयोजित की जा रही है. परीक्षा शुरू होने से पहले सभी अभ्यर्थियों की सघन जांच की गई, जिसके बाद ही उन्हें परीक्षा कक्ष में प्रवेश की अनुमति दी गई.
इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर रहा पूर्ण प्रतिबंध
जिला प्रशासन के निर्देशानुसार मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के साथ परीक्षा केंद्र में प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहा. निर्धारित सुरक्षा जांच पूरी होने के बाद ही परीक्षार्थियों को केंद्र में प्रवेश मिला.
शांतिपूर्ण परीक्षा के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था
परीक्षा को निष्पक्ष और कदाचारमुक्त वातावरण में संपन्न कराने के लिए प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर एक-एक केंद्र ऑब्जर्वर, दो-दो स्टैटिक दंडाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है. इसके अलावा 24 स्टैटिक दंडाधिकारी, छह जोनल दंडाधिकारी-सह-गश्ती दल और तीन वरीय पदाधिकारी उड़नदस्ता दल के रूप में लगातार परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर रहे हैं.
वीडियोग्राफी और धारा 163 लागू
प्रशासन के अनुसार परीक्षा शुरू होने से एक घंटे पहले तक ही अभ्यर्थियों को केंद्र में प्रवेश दिया गया. इसके बाद किसी भी अभ्यर्थी को प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई. सभी परीक्षा केंद्रों पर लगातार वीडियोग्राफी कराई जा रही है. वहीं, परीक्षा केंद्रों के 500 गज की परिधि में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू की गई है.
नियंत्रण कक्ष और यातायात व्यवस्था पर विशेष निगरानी
परीक्षा के सफल संचालन के लिए जिला स्तर पर नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है, जिसका टोल-फ्री नंबर 18003456323 जारी किया गया है. जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (शिक्षा) को नियंत्रण कक्ष का वरीय प्रभारी बनाया गया है. परीक्षा के दौरान यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए भी दंडाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की तैनाती की गई है.
