Lokain River Flood Nalanda : नालंदा जिले के उदेरा स्थान से पानी छोड़े जाने के बाद बुधवार की शाम लोकाइन नदी में बाढ़ का पानी पहुंच गया. नदी में पानी आने की सूचना के बाद एकंगरसराय, हिलसा एवं करायपरसुराय प्रखंड के नदी किनारे बसे गांवों के किसानों की चिंता बढ़ गई है.
हालांकि, गुरुवार की शाम सात बजे तक लोकाइन नदी में करीब 1.6 मीटर पानी का बहाव रहा, जिससे किसानों ने फिलहाल राहत की सांस ली है.
पिछले वर्ष की यादों से सहमे किसान
इसके बावजूद किसानों की चिंता पूरी तरह दूर नहीं हुई है. किसानों को वर्ष 2025 में आई बाढ़ की स्थिति याद आ रही है. पिछले वर्ष लोकाइन नदी में करीब चार बार बाढ़ का पानी आया था, जिसके कारण कई इलाकों के खेतों में पानी प्रवेश कर गया था और धान की फसल को काफी नुकसान हुआ था. इस बार भी नदी का जलस्तर बढ़ने से किसान अपनी फसल को लेकर चिंतित हैं.
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हिलसा अंचलाधिकारी द्वारा नदी क्षेत्र का निरीक्षण
लोकाइन नदी में बाढ़ के पानी की स्थिति का जायजा लेने के लिए हिलसा के अंचलाधिकारी रूपम शर्मा ने नदी क्षेत्र का निरीक्षण किया. उन्होंने नदी के जलस्तर एवं पानी के बहाव की स्थिति की जानकारी ली तथा आसपास के लोगों से भी सतर्क रहने की अपील की.
नदी किनारे के लोगों के लिए प्रशासन की अपील
सीओ रूपम शर्मा ने नदी के निचले हिस्से में रहने वाले लोगों से विशेष रूप से जागरूक एवं सतर्क रहने को कहा. उन्होंने लोगों से राशन एवं अन्य जरूरी सामग्री सुरक्षित रखने की अपील की, ताकि जलस्तर बढ़ने की स्थिति में किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े.
प्रशासनिक निगरानी और ग्रामीणों की चौकसी
प्रशासन की ओर से लोकाइन नदी के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है. नदी किनारे बसे गांवों के ग्रामीण भी जलस्तर और पानी के बहाव की स्थिति पर लगातार निगरानी बनाए हुए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके.
