Bihar School Bus Registration: बिहार में अब निजी स्कूलों में चलने वाली छोटी और बड़ी सभी गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य किया जाएगा. परिवहन विभाग ने इसके लिए एक नया ऑनलाइन पोर्टल तैयार किया है. जून महीने से सभी स्कूलों को अपनी बस, वैन और दूसरी स्कूली गाड़ियों का इस पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराना होगा.
सरकार का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है. कई स्कूलों में ऐसी गाड़ियां चल रही हैं जिनकी हालत ठीक नहीं है और उनके जरूरी कागजात भी पूरे नहीं रहते. अब ऐसी गाड़ियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी.
मुख्यमंत्री करेंगे पोर्टल का उद्घाटन
परिवहन विभाग के मुताबिक इस पोर्टल का उद्घाटन मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी करेंगे. इसके बाद सभी स्कूलों के लिए नई गाइडलाइन जारी होगी. इसमें बताया जाएगा कि स्कूलों को किस तरह अपनी गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन कराना है. जो स्कूल इस नियम का पालन नहीं करेंगे, उनकी गाड़ियां जांच के दौरान पकड़े जाने पर जब्त की जा सकती हैं.
पोर्टल पर रहेगा सभी गाड़ियों का रिकॉर्ड
नए पोर्टल पर स्कूलों में चलने वाली सभी गाड़ियों का पूरा डेटा मौजूद रहेगा. इसमें गाड़ी मालिक का नाम, ड्राइवर और कंडक्टर की जानकारी, गाड़ी किस स्कूल की है और किस रूट पर चल रही है, जैसी सभी जानकारी दर्ज होगी.
इसके साथ ही यह भी दर्ज रहेगा कि गाड़ी में रोज कितने बच्चे सफर करते हैं. आम लोग भी इस पोर्टल के जरिए स्कूली गाड़ियों से जुड़ी जानकारी देख सकेंगे.
बिहार की ताजा खबरों के लिए क्लिक करें
ऑनलाइन होगी गाड़ियों के कागजात की जांच
स्कूलों को अपनी गाड़ियों की पूरी जानकारी ऑनलाइन देनी होगी. इसके बाद पोर्टल के जरिए फिटनेस सर्टिफिकेट, प्रदूषण प्रमाण पत्र, परमिट, इंश्योरेंस, पैनिक बटन, जीपीएस और सीटिंग क्षमता जैसे सभी दस्तावेजों की जांच की जाएगी.
परिवहन विभाग के सचिव राजकुमार ने कहा कि निजी स्कूलों की गाड़ियों का पूरा डेटाबेस तैयार करने के लिए यह पोर्टल बनाया गया है. उन्होंने साफ कहा कि रजिस्ट्रेशन नहीं कराने वाले स्कूलों और वाहन मालिकों पर कार्रवाई की जाएगी.
इसे भी पढ़ें: बिहार पुलिस के 6 IPS अब केंद्र में संभालेंगे बड़ी जिम्मेदारी, आईजी रैंक के लिए चुने गए
