Bihar News: केंद्र सरकार ने पटना के लिए एक अहम सड़क परियोजना को हरी झंडी दे दी है. एनएच-22 के तहत पुनपुन के पास से एनएच-31 दीदारगंज तक सड़क के विस्तारीकरण और चौड़ीकरण को मंजूरी मिल गई है.
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात के बाद सांसद रविशंकर प्रसाद ने इसकी पुष्टि की है. इस सड़क के बन जाने से पटना में यह मार्ग रिंग रोड की तरह काम करेगा और शहर के भीतर व आसपास के इलाकों में यातायात का दबाव काफी हद तक कम होगा.
मुख्यमंत्री की पहल से मिली केंद्र की मंजूरी
इस सड़क को विकसित करने का प्रस्ताव ‘प्रगति यात्रा’ के दौरान सांसद रविशंकर प्रसाद ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सामने रखा था. मुख्यमंत्री ने इस पर गंभीरता दिखाते हुए संबंधित विभाग को राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के माध्यम से केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया. अब केंद्र से मंजूरी मिलने के बाद परियोजना के जल्द धरातल पर उतरने की उम्मीद है.
इस परियोजना के तहत एनएच-22 पुनपुन के पास से एसएच-01 होते हुए एनएच-31 दीदारगंज तक सीधा संपर्क स्थापित होगा. यह मार्ग गौरीचक से जुड़ते हुए पटना के लिए वैकल्पिक कॉरिडोर बनेगा. शहर के भीतर प्रवेश किए बिना ही लोगों को एक छोर से दूसरे छोर तक जाने का विकल्प मिलेगा, जिससे मुख्य सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा.
इंडस्ट्रियल एरिया और गंगा पथ से जुड़ाव
सड़क के विस्तारीकरण से फतुहा इंडस्ट्रियल एरिया से बख्तियारपुर, दीदारगंज होते हुए गया की ओर आवागमन आसान होगा. दीदारगंज के पास यह मार्ग 26 किलोमीटर लंबे गंगा पथ से भी जुड़ेगा, जिससे पटना शहर के लाखों लोगों को सीधा फायदा मिलेगा. इससे रोजमर्रा के सफर में समय और ईंधन दोनों की बचत होगी.
गांवों और उत्तर बिहार के लिए राहत
इस सड़क से कंडाप, लंका कछुआरा, गोपालपुर, गौरीचक, फतेहपुर, संपतचक, माधवपुर और पुनपुन समेत आसपास के कई गांवों को सीधा लाभ मिलेगा, जहां फिलहाल भारी ट्रैफिक जाम आम समस्या है. इसके अलावा पटना शहर के बाहर से एनएच-22 और एनएच-31 के जरिए राजेंद्र सेतु होते हुए उत्तर बिहार, भागलपुर और पश्चिम बंगाल जाना भी ज्यादा सुगम हो जाएगा.
