फार्मर रजिस्ट्री में ढिलाई नहीं की जाएगी बर्दाश्त, मंत्री विजय सिन्हा ने अफसरों को दिया आदेश

Bihar Government: बिहार में किसानों की डिजिटल आईडी बनाई जा रही है. इस बीच नए कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने फार्मर रजिस्ट्री में किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं करने की बात कही. साथ ही विभाग के अफसरों को भी उन्होंने सख्त आदेश दे दिए हैं.

Bihar Government: बिहार में फार्मर रजिस्ट्री का काम तेजी से निपटाया जा रहा है. पिछले एक सप्ताह में लगभग 74,434 किसानों की फार्मर रजिस्ट्री कराई गई है. इस तरह से बिहार में अब तक टोटल 48.57 लाख किसानों की आईडी बन चुकी है. राज्य के किसानों तक सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से पहुंचे और जमीन से जुड़ा विवाद खत्म किया जाए, इसे लेकर किसानों की फार्मर रजिस्ट्री कराई जा रही है.

डिजिटल डेटाबेस जून तक तैयार करने का टारगेट

जानकारी के मुताबिक, बिहार सरकार की ओर से जून महीने तक राज्य के 86.36 लाख किसानों का डिजिटल डेटाबेस तैयार कर लेने का टारगेट सेट किया गया है. किसानों की डिजिटल आईडी को लेकर कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने अधिकारियों को यह स्पष्ट कर दिया है कि इस अभियान में किसी भी तरह की लापरवाही या ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी. साथ ही उन्होंने भूमि एवं राजस्व सुधार विभाग के अधिकारियों के साथ मिलकर काम करने का आदेश दिया.

भुवनेश्वर क्यों गए कृषि मंत्री?

बिहार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा फिलहाल भुवनेश्वर गए हैं, जहां वे कृषि पर आयोजित क्षेत्रीय सम्मेलन में शामिल होंगे. केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान के बुलावे पर बिहार के अलावा अन्य राज्यों (पश्चिम बंगाल, झारखंड, छत्तीसगढ़) के मंत्री और अधिकारी शामिल हो रहे हैं. इस बैठक के दौरान किसानों की आय बढ़ाने के अलावा मॉडर्न खेती को लेकर स्ट्रैटेजी तैयार की जा सकती है.

किसानों की डिजिटल आईडी से फायदा

बिहार में किसानों की डिजिटल आईडी बनने से इस सिस्टम में पारदर्शिता आ सकेगी. सेंट्रल गवर्नमेंट की योजनाओं का लाभ आसानी से किसान उठा सकेंगे. सबसे खास बात यह है कि बिहार सरकार अगर फार्मर रजिस्ट्री का अपना निर्धारित लक्ष्य पूरा कर लेती है तो केंद्र सरकार की ओर से राज्य को 1000 करोड़ रुपए से अधिक की अतिरिक्त सहायता राशि जारी कर दी जाएगी.

Also Read: सम्राट सरकार में 3 दिनों में 3 एनकाउंटर, पुलिस ने 27 लाख लूटने वाले क्रिमिनल को मारी गोली

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Preeti Dayal

प्रीति दयाल, प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर काम कर रहीं हैं. यूट्यूब पोर्टल सिटी पोस्ट लाइव से पत्रकारिता की शुरुआत की. इसके बाद डेलीहंट और दर्श न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में काम कर चुकीं हैं. डिजिटल मीडिया और कंटेंट राइटिंग में साढ़े 3 साल का अनुभव है. खबरें लिखना, वेब कंटेंट तैयार करने और ट्रेंडिंग सब्जेक्ट पर सटीक और प्रभावी खबरें लिखने का काम कर रहीं हैं. प्रीति दयाल ने पत्रकारिता की पढ़ाई संत जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी से की. इस दौरान पत्रकारिता से जुड़ी कई विधाओं को सीखा. मीडिया संस्थानों में काम करने के दौरान डिजिटल जर्नलिज्म से जुड़े नए टूल्स, तकनीकों और मीडिया ट्रेंड्स को सीखा. पहली बार लोकसभा चुनाव 2024 और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 जैसे बड़े चुनावी कवरेज में काम करने का अवसर मिला. इस दौरान बिहार की राजनीति, चुनावी रणनीतियों, राजनीतिक दलों और प्रमुख नेताओं से जुड़े कई प्रभावशाली और पाठकों की रुचि के अनुसार कंटेंट तैयार किए. चुनावी माहौल को समझते हुए राजनीतिक विश्लेषण और ट्रेंडिंग मुद्दों पर आधारित खबरों को आसान और प्रभावी भाषा में तैयार करना कार्यशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है. कंटेंट रिसर्च, SEO आधारित लेखन, सोशल मीडिया फ्रेंडली कंटेंट तैयार करना और तेजी से बदलते न्यूज वातावरण में काम करना प्रमुख क्षमताओं में शामिल है. बिहार की राजनीति, सामाजिक मुद्दों, सिनेमा और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण घटनाओं पर रुचि और समझ है. टीम के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करना और समय सीमा के अंदर गुणवत्तापूर्ण काम पूरा करना कार्यशैली का हिस्सा है. प्रीति दयाल का उद्देश्य डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में लगातार सीखते हुए अपनी पत्रकारिता कौशल को और बेहतर बनाना और पाठकों तक विश्वसनीय और प्रभावशाली खबरें पहुंचाना है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >