Bhagalpur news विक्रमशिला पुल 36 घंटे जाम, श्रद्धालुओं व परीक्षार्थियों को परेशानी

भागलपुर-नवगछिया के बीच स्थित विक्रमशिला पुल पर बीते 36 घंटे से भीषण जाम लगा

भागलपुर-नवगछिया के बीच स्थित विक्रमशिला पुल पर बीते 36 घंटे से भीषण जाम लगा है. हजारों यात्रियों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. रविवार को भी इस रूट पर गाड़ियां रेंगती नजर आईं, जिससे आम जनता, परीक्षार्थियों और मांगन साह बाबा के उर्स मेले में शामिल होने वाले श्रद्धालुओं को काफी दिक्कतें हुईं. सोमवार से बिहार बोर्ड की मैट्रिक परीक्षा शुरू हो रही है, और कई परीक्षार्थी भागलपुर और नवगछिया में अपने परीक्षा केंद्रों के पास ठहरे हुए हैं. जाम से कई छात्रों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा. कुछ छात्र पैदल ही कई किलोमीटर की दूरी तय करने को मजबूर हुए. भागलपुर में परीक्षा देने जा रहे छात्र राजेश कुमार ने बताया कि नवगछिया से भागलपुर जाने के लिए कोई वाहन नहीं मिला. मजबूर होकर पैदल ही कई किलोमीटर चलना पड़ा. प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि सभी परीक्षार्थियों को उनके केंद्रों तक समय पर पहुंचाने के लिए विशेष व्यवस्था की जा रही है. बिहपुर में मांगन साह बाबा का उर्स मेला हर साल हजारों श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है. इस बार बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे, जिससे विक्रमशिला पुल और आसपास के मार्गों पर वाहनों का दबाव बढ़ गया. यातायात व्यवस्था को नियंत्रित करने के लिए स्थानीय प्रशासन और पुलिस लगातार प्रयास कर रहे हैं. जाम से यात्रियों को ही नहीं, बल्कि एम्बुलेंस, दवा और खाद्य सामग्री से लदे वाहनों को भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा. एक मरीज के परिजन ने बताया, हम घंटों से एंबुलेंस में फंसे हैं. अगर जल्द रास्ता साफ नहीं हुआ, तो मरीज की हालत बिगड़ सकती है.

मैट्रिक परीक्षा : कहलगांव के 10 केंद्रों पर 7206 छात्रा परीक्षार्थी आज होंगे शामिल

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के तत्वावधान में आज से 25 फरवरी तक मैट्रिक की परीक्षा कहलगांव के 10 केंद्रों पर होगी. 7206 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल होंगे. एसडीओ अशोक कुमार मंडल ने बताया कि कहलगांव के इंटर स्तरीय शारदा पाठशाला स्कूल में दोनों पालियों में 955 परीक्षार्थी, गणपत सिंह हाई स्कूल में 932 परीक्षार्थी, सरसहाय बालिका उवि में 888 परीक्षार्थी, हिमालयन एकेडमी में 778 परीक्षार्थी, उत्क्रमित मावि कलगीगंज में 569 परीक्षार्थी, मवि गांगुली में 475, महादेव शंकर लाल कटारुका सरस्वती विद्या मंदिर में 552, बीपी वर्मा कॉलेज में 800, उवि एकचारी में 705 औऱ मवि एकचारी में 552 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे. परीक्षा के दौरान सीसीटीवी से नजर रखी जायेगी. परीक्षा केंद्र से 200 गज की दूरी तक सभी फोटोस्टेट की दुकानें बंद रहेगी.परीक्षा अवधि में 144 धारा सभी केंद्रों पर लागू रहेगी.

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bhagalpur news. प्रतिदिन कम से कम पांच घंटे व साप्ताहिक कार्यभार 40 घंटे से कम न हो - लोकभवन ने विश्वविद्यालयों के शिक्षकों के लिए कार्यभार मानदंड सख्ती से लागू करने दिया निर्देश- लोकभवन ने पत्र में कहा, निर्धारित मानकों का कड़ाई से पालन करायेवरीय संवाददाता, भागलपुरपीजी व कॉलेज में प्रतिदिन कम से कम पांच घंटे तक कक्षाओं में उपस्थित रहना अनिवार्य है. साथ ही यह भी सुनिश्चित करना है कि साप्ताहिक कार्यभार 40 घंटे से कम न हो. इसे लेकर लोकभवन के विशेष कार्य अधिकारी न्यायिक कल्पना श्रीवास्तव ने टीएमबीयू सहित सूबे के अन्य विश्वविद्यालयों में पत्र भेजा है. पत्र में विश्वविद्यालयों के शिक्षकों के लिए कार्यभार मानदंड सख्ती से लागू करने का निर्देश दिया है. विश्वविद्यालयों व महाविद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता सुधार को लेकर सचिवालय ने विवि प्रशासन को सख्त रुख अपनाने के लिए कहा है. शिक्षकों के कार्यभार को लेकर जारी निर्देश में स्पष्ट कहा कि निर्धारित मानकों का कड़ाई से पालन करायी जाये.लोकभवन से जारी पत्र में कहा कि पूर्णकालिक कार्यरत सभी शिक्षकों को सेमेस्टर के दौरान प्रतिदिन कम से कम पांच घंटे तक कक्षाओं में उपस्थित रहना अनिवार्य है. साथ ही यह भी सुनिश्चित करना होगा कि उनका साप्ताहिक कार्यभार 40 घंटे से कम न हो.शैक्षणिक वर्ष में कम से कम 30 सप्ताह लागू रहेगापत्र में स्पष्ट रूप से कहा कि न्यूनतम कार्यभार एक शैक्षणिक वर्ष में कम से कम 30 सप्ताह यानी 180 कार्य दिवसों तक लागू रहेगा. साप्ताहिक 40 घंटे के कार्यभार को छह कार्य दिवसों में समान रूप से विभाजित करने का निर्देश दिया है. कहा कि यूजीसी के प्रावधानों में भी कार्यभार से संबंधित इसी तरह के मानदंड निर्धारित हैं. जिन्हें कानूनी मान्यता प्राप्त है. उनका पालन अनिवार्य है. उन मानकों को सख्ती से लागू कर बेहतर शैक्षणिक परिणाम सुनिश्चित करें.लोकभवन को मिली शिक्षकों के गायब रहने की शिकायतलोकभवन को शिक्षकों के गायब रहने की शिकायत मिल रही है. अंदरखाने की मानें, तो कुछ छात्र संगठन व सामाजिक कार्यकर्ताओं ने कॉलेज व पीजी विभागों में निर्धारित समय से पहले ही गायब रहने की शिकायत लोकभवन से की है. इसे लेकर कुलाधिपति सख्त होते दिख रहे है. ऐसे में कॉलेजों व पीजी विभाग का औचक निरीक्षण भी किया जा सकता है.ऑनर्स विषय छोड़ सब्सिडियरी की नहीं होती है क्लासकॉलेज में ऑनर्स विषय छोड़ सब्सिडियरी विषय की क्लास नहीं होती है. एक दिन पहले छात्र राजद के कार्यकर्ताओं ने एक कॉलेज के प्राचार्य से वार्ता के दौरान कहा था कि एमजेसी (ऑनर्स) विषय की क्लास होती है, लेकिन एमआइसी (सब्सिडियरी) विषय की क्लास नहीं होती है. छात्र संगठन का आरोप था कि एईसी, वीएसी व एसीसी की भी क्लास भी नहीं होती है.लोकभवन के निर्देश का हो रहा पालन - शिक्षक संगठनशिक्षक संगठन भुस्टा के महासचिव प्रो जगधर मंडल ले कहा कि लोकभवन के निर्देश का पालन हो रहा है. यूजीसी के नियमानुसार कॉलेज व पीजी विभागों में पांच घंटे तक शिक्षकों रहते हैं. सारा कार्य करते हैं. यह कोई नई बात नहीं है. शिक्षक लोकभवन के साथ है.

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