bhagalpur news. मिडवाइफरी में ट्रेंड नर्स गर्भावस्था के दौरान होनेवाले रिस्क को कम कर सकेंगी

स्टेट मिडवाइफरी ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में ट्रेंड नर्स गर्भावस्था के दौरान होने वाले रिस्क को कम करने में सहायक होंगी. ये नर्स गर्भवती महिलाओं का प्रसव से पहले होनेवाली जांच व इलाज सुनिश्चित कराते हुए सुरक्षित प्रसव करा सकेंगी.

By NISHI RANJAN THAKUR | January 10, 2026 10:43 PM

जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल, मायागंज से संबद्ध बीएससी नर्सिंग कॉलेज स्टेट मिडवाइफरी ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट का हुआ शुभारंभ

स्टेट मिडवाइफरी ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में ट्रेंड नर्स गर्भावस्था के दौरान होने वाले रिस्क को कम करने में सहायक होंगी. ये नर्स गर्भवती महिलाओं का प्रसव से पहले होनेवाली जांच व इलाज सुनिश्चित कराते हुए सुरक्षित प्रसव करा सकेंगी. साथ ही प्रसव के बाद बच्चों का नियमित टीकाकरण कराया जायेगा. इसका उद्देश्य मातृत्व मृत्यु दर, शिशु मृत्यु दर, नवजात मृत्यु दर कम करने के साथ-साथ गर्भवती महिलाओं व बच्चों में होने वाले कुपोषण को दूर करना है. उक्त बातें डायरेक्टर इन चीफ-नर्सिंग, हेल्थ सर्विस बिहार डॉ रेखा झा ने शनिवार को जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल, मायागंज से संबद्ध बीएससी नर्सिंग कॉलेज में स्टेट मिडवाइफरी ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट शुभारंभ समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में कही.इससे पहले स्टेट मिडवाइफरी ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट का उद्घाटन डॉ रेखा झा, रीजनल एडिशनल डायरेक्टर डॉ अजय कुमार सिंह, सिविल सर्जन डॉ अशोक प्रसाद, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ अविलेश कुमार, चेयरपर्सन मायागंज अस्पताल के अधीक्षक डॉ एचपी दुबे, कंविनियर डिप्टी सुपरिटेंडेंट डॉ सुरेश प्रसाद सिंह, डॉ महेश कुमार, नोडल ऑफिसर गायनी की एचओडी डॉ अनुपमा सिन्हा, जीएनएम स्कूल की प्रिंसिपल, मेटरन, यूएनएफपीए डॉ तुषारकांत उपाध्याय ने संयुक्त रूप से किया. आयोजक बीएससी नर्सिंग कॉलेज की प्राचार्य रिंपी दुगर ने अतिथियों का स्वागत किया.इसी क्रम में चयनित 30 एनपीएम को लर्निंग रिसोर्सेस बांटा गया. रिंपी दुगर ने बताया कि स्टेट मिडवाइफरी एजुकेटर लक्ष्मी ठाकुर, रिचा ज्योति, नीतू कुमारी, रूपम कुमारी, नबीत शेखर, सोनी कुमारी इन 30 नर्स को ट्रेनिंग देंगी. यहां ट्रेनिंग को लेकर 30 सीट है. रिंपी दुगर ने बताया कि सरकारी अस्पतालों की दक्ष नर्सों को मिडवाइफरी की ट्रेनिंग दी जयेगी. इनकी ट्रेनिंग के लिए जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल समेत सूबे के तीन मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में मिडवाइफरी ट्रेनिंग सेंटर खोला जा रहा है. डॉ एचपी दुबे ने बताया कि जब नर्स मिडवाइफरी में दक्ष हो जायेगी, तो प्रदेश सरकार तय करेगी, कहां इनकी पोस्टिंग होगी. इनकी ट्रेनिंग 18 माह तक चलेगी. स्वास्थ्य विभाग बिहार सरकार की ओर से इन सेंटरों में नर्स प्रैक्टिशनर इन मिडवाइफ में ट्रेनिंग देने व इसके उद्देश्यों को लेकर 16 दिसंबर को पटना में ट्रेनिंग दी गयी है. नर्सिंग कॉलेज में 30 सीट का नर्सिंग सेंटर तैयार है. बिहार के सरकारी अस्पतालों की 30 नर्सों का चयन भी स्वास्थ्य विभाग स्तर से हुआ है.

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