bhagalpur news. कृषि उद्यमिता को बढ़ावा देने में बीएयू की महत्वपूर्ण भूमिका

बिहार कृषि विश्वविद्यालय (बीएयू) सबौर की ओर से गुरुवार को निदेशालय अनुसंधान में स्टार्टअप एग्री इनक्यूबेशन प्रोग्राम के तहत कोहोर्ट छह व सात में प्रारंभिक वित्त पोषण के लिए कृषि नवाचार के क्षेत्र में अपनी अग्रणी भूमिका को सशक्त करने के लिए आयोजन हुआ

By Prabhat Khabar News Desk | February 27, 2025 11:26 PM

भागलपुर

बिहार कृषि विश्वविद्यालय (बीएयू) सबौर की ओर से गुरुवार को निदेशालय अनुसंधान में स्टार्टअप एग्री इनक्यूबेशन प्रोग्राम के तहत कोहोर्ट छह व सात में प्रारंभिक वित्त पोषण के लिए कृषि नवाचार के क्षेत्र में अपनी अग्रणी भूमिका को सशक्त करने के लिए आयोजन हुआ. अध्यक्षता बीएयू अनुसंधान के निदेशक डॉ एके सिंह ने की. कुल 21 नवाचारी स्टार्टअप विचार प्रस्तुत किया गया. इसमें कोहोर्ट छह से 12 और कोहोर्ट सात से नौ स्टार्टअप शामिल थे. कहा कि यह कार्यक्रम कृषि उद्यमिता को बढ़ावा देने और अग्रणी अनुसंधान, रणनीतिक वित्त पोषण और मेंटरशिप के माध्यम से कृषि क्षेत्र की चुनौतियों को अवसरों में बदलने में विश्वविद्यालय की महत्वपूर्ण भूमिका को दर्शाता है.

बीएयू के कुलपति डॉ डीआर सिंह ने प्रतिभागियों के नवाचारी दृष्टिकोण की सराहना की. कहा कि बीएयू में स्टार्टअप एग्री इनक्यूबेशन प्रोग्राम हमारे युवा मस्तिष्क को वास्तविक कृषि चुनौतियों का समाधान करने के लिए प्रोत्साहित करने की हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है. स्टार्टअप उत्पादकता और स्थिरता को बढ़ाने में नवाचार की शक्ति को दर्शाते हैं. हम इन उद्यमियों को उनके विचारों को प्रभावी कृषि व्यवसाय समाधानों में बदलने के लिए रणनीतिक वित्त पोषण, मेंटरशिप और तकनीकी मार्गदर्शन के माध्यम से समर्थन देने के लिए प्रतिबद्ध हैं.

यह पहल एसएबीएजीआरआइएस के तहत आरकेवीवाइआरएएफटीएआर द्वारा वित्त पोषित थी, जो कृषि स्टार्टअप के लिए संस्थागत समर्थन को दर्शाती है. छठे कोहोर्ट में 12 प्रतिभागियों ने अपने व्यावसायिक विचार प्रस्तुत किये, जबकि सातवें कोहोर्ट में नौ ने भाग लिया, जो कृषि और ग्रामीण विकास की चुनौतियों के समाधान के लिए युवाओं में बढ़ते उत्साह को प्रदर्शित करता है.

बैठक में हुए शामिल

आरकेवीवाइ एग्री बिजनेस इन्क्यूबेशन की बैठक में जयपुर एनआइएएम के सीईओ रवि गोयल, टीएमबीयू के वैज्ञानिक डॉ रामबालक चौधरी, एनएएम जयपुर के मार्केटिंग मैनेजर डॉ सरस्वती मुखर्जी ने ऑनलाइन मोड में भाग लिया. इसके अतिरिक्त वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ पीके सुंदरम, डॉ पवनजीत, खुशबू कुमारी, डॉ आदित्य सिन्हा, डॉ डीके पटेल आदि उपस्थित थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है