bhgalpur news. राधाकृष्ण ठाकुरबाड़ी में कवियों ने शहीदों को किया नमन, गूंजे अंगिका गीत

शहीदों की शहादत को नमन करते हुए विक्रमशिला हिंदी विद्यापीठ ईशीपुर की ओर से खलीफाबाग स्थित राधाकृष्ण ठाकुरबाड़ी में रविवार को एक भव्य कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया.

शहीदों की शहादत को नमन करते हुए विक्रमशिला हिंदी विद्यापीठ ईशीपुर की ओर से खलीफाबाग स्थित राधाकृष्ण ठाकुरबाड़ी में रविवार को एक भव्य कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया. आयोजन में देशभक्ति गीतों और कविताओं ने माहौल को जोश और उमंग से भर दिया. कार्यक्रम की अध्यक्षता विद्यापीठ के उपकुलपति डॉ अंजनी कुमार सुमन ने की, जबकि संचालन साहित्यकार डॉ प्रेमचंद पांडेय ने किया. मुख्य अतिथि पं शंभुनाथ शास्त्री वेदांती और विशिष्ट अतिथि के रूप में सुप्रसिद्ध गीतकार राजकुमार मंचासीन रहे. राजकुमार ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत कर कार्यक्रम की शुरुआत की. डॉ मनजीत सिंह किनवार ने भाईचारे पर आधारित रचना प्यार ही प्यार हो, अब न तकरार हो प्रस्तुत की. वहीं पूर्णेन्दु चौधरी ने अपनी रचना सुनायी. गीतकार मुरारी मिश्र ने अंगिका छंद सबसे मिट्ठो गीत वंदे मातरम प्रस्तुत किया. इसी क्रम में लोकगायक संजीव कुमार झा ने बाढ़ पर अंगिका गीत प्रस्तुत किया. कवि त्रिलोकी नाथ दिवाकर, व्यंग्यकार सुनील कुमार पटेल ने अपनी रचना सुनायी. मौके पर सुप्रसिद्ध नाटककार शीतांशु अरुण, कामता प्रसाद सिंह, महेंद्र प्रसाद निशाकर, ध्रुव कुमार सिंह, अभय कुमार भारती, कमर ताबां, विनय कबीरा, ��ोहन मंडल, भानु झा, विनोद कुमार राय, मिथिलेश आनंद, सूरज कुमार भगत, सुरेश सूर्य, प्राण मोहन प्रीतम, इकराम हुसैन शाद, धीरज पंडित और सच्चिदानंद साह किरण समेत कई रचनाकारो ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया.

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Published by: Nishi ranjan thakur

निशिरंजन ठाकुर मुख्यधारा की पत्रकारिता में 25 वर्षों से अधिक समय से सक्रिय. साहित्यिक विषयों में भी गहरी रूचि. खबरों में तथ्य के साथ मानवीय संवेदना और भाषा की सादगी को अहम मानते हैं.

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