bhagalpur news. आस्था - प्रतिमा व पूजा का खर्च उठाने के लिए अगले दस साल तक लोग लाइन में

कहलगांव नगर पंचायत के पूरब टोला स्थित बंगाली टोला मंदिर में 74 वर्षों से मां दुर्गा पूजा पूजा निरंतर हो रही है.

असद अशरफी, कहलगांव.

कहलगांव नगर पंचायत के पूरब टोला स्थित बंगाली टोला मंदिर में 74 वर्षों से मां दुर्गा पूजा पूजा निरंतर हो रही है. पूजा कमेटी के शंभूनाथ सरखेल ने बताया कि 74 वर्ष पूर्व दुर्गा मंदिर के सामने नित्यानंद अवधूत महानिर्माण मठ आश्रम के शिष्य बंगाल के बरहमपुर निवासी माधवेंद्र राय ने जमीन दी थी. स्थानीय महादेव चरण आचार्या के द्वारा 1952 में मिट्टी की दीवाल और फूस से निर्मित दुर्गा मंदिर में पूजा की शुरुआत की गयी थी. उनके देहावसान के बाद 1963 में कमेटी का गठन कर मोहल्ले के सहयोग से पूजा-अर्चना हो रही है. 1964 में मंदिर का जीर्णोद्धार हुआ. वर्तमान में बांग्ला पद्धति से महादेव चरण आचार्या के पुत्र अमरेश कुमार आचार्या के नेतृत्व में पंडित रमन पांडे के द्वारा पूजा-अर्चना की जाती है. मंदिर में स्थापना काल से ही बलि प्रथा का प्रावधान नहीं रहा है. ईख और कोहड़े की बलि दी जाती है. स्थानीय लोगों के अनुसार, मंदिर में मांगी गयी मुराद पूरी होती है. मनोकामना पूर्ण हुए लोगों की लाइन लंबी है. बताया गया कि जिनकी मनोकामना पूर्ण होती है, वह प्रतिमा व पूजा का खर्च वहन करते हैं. इसके लिए 10 वर्षों तक का लाइन लगा हुआ है. अष्टमी और नवमी को हजारों महिलाएं खोईचा देने के लिए मंदिन पहुंचती हैं. विजयदशमी के दिन प्रतिवर्ष रात आठ बजे प्रतिमा का विसर्जन किया जाता है. विसर्जन से पूर्व महिलाएं सिंदूर से होली खेलती हैं. पूजा को सफल बनाने में सचिव धनेश्वर मिश्रा, विजय चौरसिया, दीपक शाह, अजय कुमार सिंह आदि लगे हुए हैं.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By ATUL KUMAR

ATUL KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >