श्रावणी मेले की तैयारियों को परखने आज पहली बार सुलतानगंज पहुंचेंगी डीएम अलंकृता पांडेय

DM Alankrita Pandey: सावन शुरू होने में एक महीने से भी कम समय शेष रहने के बीच भागलपुर जिलाधिकारी का यह पहला सुल्तानगंज दौरा बेहद अहम माना जा रहा है; कछुआ चाल से चल रहे कार्यों पर अधिकारियों से सीधे जवाब-तलब करेंगी डीएम.

सुलतानगंज, भागलपुर से शुभंकर की रिपोर्ट

DM Alankrita Pandey: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला 2026 के ऐतिहासिक आयोजन को सुव्यवस्थित, सुरक्षित और भव्य बनाने के उद्देश्य से भागलपुर की नवपदस्थापित जिलाधिकारी (DM) अलंकृता पांडेय मंगलवार को पहली बार सुलतानगंज के मैदानी दौरे पर आ रही हैं. मेला शुरू होने की उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है और अब 30 दिन से भी कम का समय बचा है, ऐसे में जिलाधिकारी का यह औचक निरीक्षण बेहद संवेदनशील और महत्वपूर्ण माना जा रहा है. जिला सूचना एवं जनसंपर्क पदाधिकारी (DPRO) द्वारा साझा की गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, जिलाधिकारी दोपहर ठीक 12:30 बजे सुलतानगंज पहुंचेंगी, जहाँ वे उत्तरवाहिनी गंगा घाट से लेकर मुख्य कच्ची कांवरिया पथ तक का सघन मुआयना करेंगी.

दोपहर 12:30 बजे से शुरू होगा निरीक्षण; अलर्ट मोड पर जिले के सभी आला अधिकारी

जिलाधिकारी के इस हाई-प्रोफाइल दौरे को लेकर सुल्तानगंज से लेकर भागलपुर मुख्यालय तक प्रशासनिक अमले में हड़कंप मचा हुआ है:

  • समीक्षा के मुख्य बिंदु: डीएम अलंकृता पांडेय अपने इस दौरे में मुख्य रूप से नमामि गंगे घाट, अजगैबीनाथ मंदिर परिसर, मुख्य बाजार, रेलवे स्टेशन रोड और बांका सीमा से सटे कच्ची कांवरिया पथ का भौतिक निरीक्षण करेंगी.
  • तैयारियों को अंतिम रूप: डीएम के आगमन को देखते हुए नगर परिषद, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (PHED), विद्युत, स्वास्थ्य, स्थानीय पुलिस, पथ निर्माण विभाग (RCD) और आपदा प्रबंधन के आला अधिकारी अपने-अपने विभागों की पेंडिंग फाइलों और जमीनी तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटे हैं.

इन 8 बुनियादी सुविधाओं और सुरक्षा मानकों पर रहेगा जिलाधिकारी का मुख्य फोकस

  1. कांवरियों का सुरक्षित आवास: सरकारी टेंट सिटी, धर्मशालाओं और सेवा शिविरों की क्षमता व गुणवत्ता.
  2. पेयजल व स्वच्छता: मेला मार्गों पर अस्थाई चापाकलों, वाटर एटीएम की क्रियाशीलता और चौबीसों घंटे साफ-सफाई.
  3. रोशनी व विद्युत सुरक्षा: जर्जर और नंगे तारों को कवर्ड केबल में बदलना और रात के समय कांवरिया पथ पर पर्याप्त दूधिया रोशनी.
  4. ट्रैफिक व जाम से मुक्ति: सुल्तानगंज शहर को भीषण जाम से बचाने के लिए रूट डायवर्जन और नो-एंट्री जोन का निर्धारण.
  5. मूल्य नियंत्रण: मेला क्षेत्र की दुकानों और होटलों में खाद्य सामग्रियों की रेट लिस्ट (मूल्य सूची) अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करवाना ताकि श्रद्धालुओं से ओवररेटिंग न हो.
  6. घाटों की सुरक्षा: अजगैबीनाथ गंगा घाट पर बैरिकेडिंग, गहरे पानी के संकेतक, एनडीआरएफ/एसडीआरएफ और स्थानीय गोताखोरों की तैनाती.
  7. महिला सुरक्षा: घाटों पर पर्याप्त संख्या में महिला चेंजिंग रूम (कपड़े बदलने के कक्ष) और अस्थाई शौचालयों का निर्माण.
  8. अपराध नियंत्रण: मेला क्षेत्र और घाटों पर सक्रिय रहने वाले उच्चक्कों और पाकेटमारों पर नकेल कसने के लिए सीसीटीवी (CCTV) कैमरों और सादे लिबास में पुलिस बल की तैनाती. — जिला प्रशासन कोर विंग

DM Alankrita Pandey: कागजी दावों को धरातल पर उतारना बड़ी चुनौती; स्थानीय लोगों को भारी अपेक्षाएं

सुलतानगंज के प्रबुद्ध नागरिकों और पंडा समाज को डीएम के इस पहले दौरे से काफी उम्मीदें हैं. स्थानीय लोगों का स्पष्ट कहना है कि श्रावणी मेला केवल एक प्रशासनिक रूटीन नहीं है, बल्कि देश-विदेश के करोड़ों शिवभक्तों की अगाध आस्था और बिहार की साख से जुड़ा महापर्व है.

वर्तमान में घाटों पर समतलीकरण और अतिक्रमण की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है, जिसे देखते हुए डीएम की इस पहली धमक से सुल्तानगंज के विकास कार्यों को नई गति मिलने की पूरी संभावना है. अब देखना यह होगा कि दोपहर 12:30 बजे शुरू होने वाले इस निरीक्षण के बाद सुस्त पड़े महकमों के कामकाज की रफ्तार कितनी तेजी से बदलती है.

Also Read: अधीक्षण अभियंता पवन कुमार के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति मामले में आर्थिक अपराध प्रभाग की कार्रवाई जारी.

Also Read: आज से पूरे बिहार में शुरू होगा आंधी-पानी का दौर, इन 6 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी, IMD की एडवाइजरी जारी

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Divyanshu Prashant

दिव्यांशु प्रशांत वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं। उन्होंने महात्मा गाँधी अंतर्राष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में परास्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। मीडिया क्षेत्र में लगभग एक वर्ष के अनुभव के दौरान वे दैनिक जागरण में न्यूज़ राइटर और रिपोर्टर के रूप में कार्य कर चुके हैं। करियर के शुरुआती दौर में लोकसभा और विधानसभा चुनावों से जुड़े पॉलिटिकल कंटेंट राइटिंग का विशेष अनुभव प्राप्त किया। इसके अतिरिक्त उन्होंने टी. एन. बी. कॉलेज से हिंदी साहित्य में स्नातक किया है, जिसके कारण साहित्य, पठन-पाठन, लेखन और कविता-सृजन में उनकी विशेष रुचि है। सटीक, निष्पक्ष और प्रभावशाली लेखन के माध्यम से पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुँचाना उनकी पेशेवर पहचान है।

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >