Bhagalpur News: भागलपुर के मिरजानहाट स्थित शीतला स्थान चौक के एक निजी परिसर में बुधवार को दिव्य ज्योति जागृति संस्थान द्वारा आयोजित गुरु पूजा महोत्सव में आध्यात्मिक आस्था और भक्ति का अद्भुत वातावरण देखने को मिला. कार्यक्रम में भागलपुर और आसपास के क्षेत्रों से एक हजार से अधिक श्रद्धालु शामिल हुए और सद्गुरु के प्रति श्रद्धा व्यक्त करते हुए सत्संग, गुरु वंदना, भजन-कीर्तन और सामूहिक प्रार्थना में भाग लिया. दिल्ली मुख्यालय से पधारीं साध्वी अमृता भारती और साध्वी प्रीति भारती ने गुरु के आध्यात्मिक महत्व पर विस्तार से प्रवचन दिया.
वैदिक मंत्रोच्चारण और दीप प्रज्वलन से हुआ शुभारंभ
गुरु पूजा महोत्सव का शुभारंभ वैदिक परंपरा के अनुसार वेद मंत्रोच्चारण, पूजन और दीप प्रज्वलन के साथ किया गया. पवित्र वैदिक ध्वनियों से पूरा परिसर आध्यात्मिक ऊर्जा से भर उठा.
इसके बाद गुरु वंदना, भजन-कीर्तन और सत्संग का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु भक्तिरस में सराबोर दिखाई दिए. कार्यक्रम के दौरान अनुशासन और सेवा भावना का विशेष वातावरण देखने को मिला.
‘सद्गुरु अज्ञान के अंधकार से निकालकर परमात्मा की अनुभूति कराते हैं’
मुख्य वक्ता साध्वी अमृता भारती ने गुरु पूजा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह पर्व आत्मचिंतन, स्वाध्याय और आत्म समीक्षा का अवसर है.
उन्होंने कहा कि सद्गुरु वह दिव्य शक्ति हैं जो मनुष्य को अज्ञान के अंधकार से निकालकर आत्मबोध और परमात्मा की अनुभूति की ओर अग्रसर करते हैं. उनके अनुसार गुरु के प्रति श्रद्धा, सेवा और समर्पण ही जीवन को सफल, सार्थक और आनंदमय बनाते हैं.
प्रेम, सेवा और आध्यात्मिकता अपनाने का आह्वान
कार्यक्रम का संचालन स्वामी सांसदानंद महाराज ने किया. उन्होंने श्रद्धालुओं से गुरु के बताए मार्ग पर चलने और अपने जीवन में प्रेम, सेवा, संस्कार और आध्यात्मिकता को अपनाने का आह्वान किया.
उन्होंने कहा कि समाज में नैतिक मूल्यों की स्थापना और आध्यात्मिक जागरण के लिए गुरु के आदर्शों को व्यवहार में उतारना आवश्यक है.
विशाल सत्संग और भंडारे का आयोजन
गुरु पूजा महोत्सव के दौरान विशाल सत्संग, भजन-संकीर्तन और गुरु वंदना का आयोजन किया गया. इसके बाद सभी श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसाद स्वरूप विशाल भंडारे की व्यवस्था की गई, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया.
आयोजन समिति के अनुसार पूरे कार्यक्रम में सेवा और अनुशासन का विशेष ध्यान रखा गया और स्वयंसेवकों ने व्यवस्थाओं को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.
मानव कल्याण और विश्व शांति के लिए सामूहिक प्रार्थना
कार्यक्रम के समापन पर मानव कल्याण, विश्व शांति और आध्यात्मिक जागरण के लिए सामूहिक प्रार्थना की गई. साध्वी अमृता भारती ने कहा कि प्रत्येक शिष्य को यह आत्ममंथन करना चाहिए कि उसने अपने गुरु के आदर्शों को अपने जीवन में कितना उतारा है.
सुमधुर भजनों और आध्यात्मिक विचारों के माध्यम से उपस्थित श्रद्धालुओं ने भक्ति और साधना के मार्ग पर नई प्रेरणा और उत्साह का अनुभव किया.
Bhagalpur News: कई संत और साध्वी रहे उपस्थित
इस आयोजन में संस्थान के संस्थापक एवं संचालक श्री आशुतोष महाराज के संन्यासी शिष्य स्वामी यादवेन्द्रानंद, स्वामी सांसदानंद, साध्वी ममता भारती, गायक गोपाल, रामउदगार, पप्पू जी, रंजीत शर्मा, देवेंद्र दास, रमेश चंदन सिंह, नवल किशोर सिंह, प्रमोद यादव, कैलाश मंडल, चंदेश्वरी महतो सहित अनेक श्रद्धालु और सेवादार उपस्थित रहे.
