डीएम के दौरे में सामने आईं थरूहट की समस्याएं, सभी विभागों को कार्रवाई के निर्देश

पश्चिम चंपारण के रामनगर प्रखंड स्थित नौरंगिया दोन क्षेत्र में डीएम तरनजोत सिंह के दौरे के दौरान ग्रामीणों ने मोबाइल नेटवर्क, बिजली, सड़क, स्वास्थ्य और पेयजल जैसी बुनियादी समस्याएं उठाईं. प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को कार्रवाई के निर्देश दिए.

Ramnagar News: पश्चिम चंपारण के रामनगर प्रखंड स्थित नौरंगिया दोन क्षेत्र के दौरे के दौरान जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह के सामने थरूहट इलाके की कई गंभीर समस्याएं सामने आईं. पंचायत सरकार भवन में आयोजित बैठक में ग्रामीणों ने मोबाइल नेटवर्क, बिजली, स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल, शिक्षा और सिंचाई जैसी बुनियादी सुविधाओं की बदहाली से प्रशासन को अवगत कराया. डीएम ने संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए.

मोबाइल नेटवर्क और इंटरनेट की समस्या सबसे बड़ी चुनौती

ग्रामीणों ने बताया कि पूरे दोन क्षेत्र में मोबाइल नेटवर्क बेहद कमजोर है. जियो का टावर होने के बावजूद इंटरनेट सेवा नहीं मिलती, जबकि बीएसएनएल का नेटवर्क भी प्रभावी नहीं है. ऑनलाइन आवेदन और सरकारी सेवाओं का लाभ लेने के लिए लोगों को करीब 25 किलोमीटर दूर हरनाटांड़ जाना पड़ता है.

इस पर जिला पदाधिकारी ने सभी मोबाइल सेवा प्रदाताओं के साथ बैठक कर समाधान निकालने का आश्वासन दिया.

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बिजली और स्वास्थ्य सेवाओं पर भी उठे सवाल

ग्रामीणों ने बताया कि वर्ष 2016-17 में स्थापित ऑफ ग्रिड सोलर प्लांट की बैटरियां खराब हो चुकी हैं, जिससे अब केवल एक-दो घंटे ही बिजली मिल रही है. उन्होंने ऑन ग्रिड बिजली आपूर्ति शुरू करने की मांग की.

डीएम ने फिलहाल सोलर प्लांट की मरम्मत कराने और वन विभाग से अनापत्ति लेकर ऑन ग्रिड बिजली उपलब्ध कराने की प्रक्रिया तेज करने का निर्देश दिया.

स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर भी ग्रामीणों ने शिकायत की कि हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर में सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी सप्ताह में केवल दो दिन आते हैं और एएनएम की उपस्थिति भी नियमित नहीं रहती. इस पर सिविल सर्जन ने स्थानीय एएनएम की तैनाती का भरोसा दिया.

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सड़क, पेयजल और सिंचाई व्यवस्था की होगी जांच

बैठक में कई सड़कों के घटिया निर्माण, हाल ही में बनी पीसीसी सड़क के क्षतिग्रस्त होने, कापर नदी पर पुल और गाइड बांध निर्माण की मांग भी उठाई गई.

ग्रामीणों ने नल-जल योजना के पाइप कटे होने और कई जगह योजना बंद रहने की शिकायत की. डीएम ने संबंधित विभागों को जांच कर कार्रवाई करने और आवश्यक डीपीआर तैयार करने का निर्देश दिया.

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पेंशन, शिक्षा और उर्वरक वितरण पर भी निर्देश

बैठक में पात्र लोगों को पेंशन नहीं मिलने, जीवन प्रमाणीकरण लंबित रहने, एक-एक शिक्षक वाले विद्यालयों की समस्या और सेमरही टोला में प्राथमिक विद्यालय खोलने की मांग भी उठाई गई.

किसानों ने उर्वरक वितरण में अनियमितता का मुद्दा उठाते हुए पंचायतवार रोस्टर लागू करने और पैक्स के माध्यम से वितरण की मांग की. डीएम ने कृषि, शिक्षा और सामाजिक सुरक्षा विभाग के अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए.

विकास योजनाओं की जमीनी हकीकत आई सामने

दौरे के दौरान सामने आई समस्याओं ने थरूहट क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की वास्तविक स्थिति उजागर कर दी. हालांकि जिला प्रशासन ने सभी विभागों को आवश्यक निर्देश दिए हैं, लेकिन अब लोगों की नजर इस बात पर है कि वर्षों पुरानी समस्याओं का समाधान जमीन पर कब तक दिखाई देता है.

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लेखक के बारे में

By Awadh kishore

अवध किशोर तिवारी तीन दशक से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. इन्होंने हिंदी दैनिक राष्ट्रीय सहारा के दिल्ली संस्करण से करियर की शुरुआत की. वर्तमान में वर्ष 2018 से प्रभात खबर के बेतिया ब्यूरो कार्यालय से जुड़े हैं. सामाजिक, अपराध, राजनीतिक एवं जनसरोकार से जुड़ी खबरों पर उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है

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