Begusarai News : प्रस्तावित उच्च शिक्षा विधेयक के विरोध में ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय (एलएनएमयू) शिक्षक संघ के आह्वान पर स्व. विश्वनाथ सिंह शर्मा महाविद्यालय के शिक्षक, शिक्षकेत्तर कर्मी और अतिथि शिक्षकों ने गुरुवार को काला बिल्ला लगाकर विरोध प्रदर्शन किया. महासचिव डॉ. नीलेश कुमार के नेतृत्व में आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में शिक्षकों और कर्मचारियों ने भाग लिया. शिक्षकों ने कहा कि विधेयक का विरोध तब तक जारी रहेगा, जब तक सरकार इसके प्रारूप को वापस नहीं लेती.
काला बिल्ला लगाकर दर्ज कराया विरोध
महाविद्यालय परिसर में शिक्षकों और कर्मचारियों ने काला बिल्ला लगाकर प्रस्तावित विधेयक के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया. प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा और शिक्षकों ने सरकार से विधेयक पर पुनर्विचार करने की मांग की.
शिक्षकों ने उठाए शैक्षणिक स्वायत्तता के सवाल
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि विश्वविद्यालय से जुड़े किसी भी महत्वपूर्ण विधेयक का उद्देश्य उच्च शिक्षा की गुणवत्ता, विश्वविद्यालयों की शैक्षणिक स्वायत्तता, पारदर्शिता और लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करना होना चाहिए. उन्होंने कहा कि शिक्षकों, कर्मचारियों और विश्वविद्यालय प्रशासन के सुझावों पर गंभीरता से विचार करने के बाद ही किसी नए विधेयक को लागू किया जाना चाहिए.
'उच्च शिक्षा के हितों से समझौता स्वीकार नहीं'
शिक्षक संघ के प्रतिनिधियों ने कहा कि शिक्षक समुदाय उच्च शिक्षा के हितों की रक्षा के लिए हमेशा प्रतिबद्ध रहा है. उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार शिक्षकों की भावनाओं और सुझावों का सम्मान करते हुए प्रस्तावित विधेयक पर सकारात्मक निर्णय लेगी.
शिक्षक और कर्मचारी बड़ी संख्या में रहे मौजूद
विरोध प्रदर्शन में डॉ. अशोक कुमार, डॉ. संजय भगत, डॉ. रुचि जैन, डॉ. विद्यासागर, डॉ. अमित गुंजन, डॉ. आरुणि कुमार, डॉ. राम विनोद, डॉ. सईदा रहमान, डॉ. राजीव कुमार, डॉ. महालक्ष्मी, डॉ. रूपेश कुमार, डॉ. गोविंद कुमार पासवान, डॉ. मीरा कुमारी, डॉ. रॉली कुमारी, डॉ. राजकुमार सिंह, डॉ. रंजना, डॉ. मो. परवेज, डॉ. रोमाना आफरीन सहित बड़ी संख्या में शिक्षक, शिक्षकेत्तर कर्मचारी और अतिथि शिक्षक शामिल हुए.
