Bankipur Bypoll Counting: पटना की बांकीपुर सीट पर आखिर कौन बाजी मारेगा, आज क्लियर हो जाएगा. अब से थोड़ी ही देर में वोटों की गिनती शुरू हो जाएगी. एएन कॉलेज के बाहर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है. बोरिंग रोड और इसके आसपास के इलाकों के ट्रैफिक रूट में बदलाव भी किया गया है. इसके लिए पहले ही एडवाइजरी जारी कर दी गई थी.
काउंटिंग को लेकर सुरक्षा टाइट
एएन कॉलेज के कला भवन में काउंटिंग के लिए सारी व्यवस्थाएं की गईं हैं. ईवीएम को तीन लेयर की सुरक्षा के साथ रखा गया है. 25 केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है. साथ ही BSAP के जवानों की भी तैनाती की गई है.
तीन शिफ्ट में कुल 100 जवानों तैनाती है. हर एक शिफ्ट में 1 DSP को लगाया गया है. इसके अलावा मतगणना के जगह पर सिर्फ अधिकृत अधिकारियों, कर्मियों और प्रत्याशियों को जाने की अनुमति होगी. इस तरह से देखा जाए तो, स्ट्रॉन्ग रूम के आस-पास कड़ी सुरक्षा है और सीसीटीवी कैमरे से निगरानी की जा रही है.
30 राउंड में होगी गिनती
422 बूथों पर पड़े 1.30 लाख वोटों की गिनती 30 राउंड में होगी. वोटों की गिनती 14 टेबल पर होगी. दोपहर 12 बजे के बाद रुझान मिलना शुरू हो जाएगा. इसके बाद शाम चार बजे तक वोटों की गिनती की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी. पहले पोस्टल बैलेट पेपर से डाले गए वोटों की गिनती के आधे घंटे बाद ईवीएम में पड़े वोटों की गिनती होगी.
30 जुलाई को हुई थी वोटिंग
बांकीपुर उपचुनाव के लिए 30 जुलाई को वोटिंग हुई थी. 422 बूथ बनाए गए थे. मतदान केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध थे. पुरुष, महिला, युवा और बुजुर्गों ने भी अपने-अपने मत का प्रयोग किया था. खासकर इस बार Gen-Z वोटर्स ने हिस्सा लिया. कई वोटर्स ने इस बार बदलाव की उम्मीद से मतदान किया था.
कई मतदान केंद्रों पर बीजेपी और जन सुराज के कार्यकर्ता भिड़े
30 जुलाई यानी कि मतदान वाले दिन ही कई बूथों पर बीजेपी और जन सुराज के कार्यकर्ता भिड़े. नौबत हाथापाई तक आई, जिसके बाद पुलिसकर्मियों को हस्तक्षेप करना पड़ा. झड़प की खबर सुन प्रशांत किशोर ने खुद कई बूथों का निरीक्षण किया. एक बूथ पर प्रशांत किशोर के पहुंचने पर उनके सामने ही बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने प्रशांत किशोर गो बैक के नारे लगाए.
प्रशांत किशोर ने चुनाव आयोग से की पटना SSP की शिकायत
प्रशांत किशोर ने पटना के एसएसपी कार्तिकेय शर्मा के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत भी की थी. उनका कहना था कि एसएसपी ने अन्य पुलिसकर्मियों के साथ मिलकर चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश की. उन्होंने वोटर्स को डराने और जन सुराज के कार्यकर्ताओं का शोषण करने की बात कही थी. साथ ही इसमें बीजेपी का साथ होने का भी दावा किया था. मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने मामले में जांच कराने और दोषी पाए जाने के बाद कार्रवाई का आश्वासन भी दिया था.
इसके बाद रविवार को भी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पीके ने पुलिसकर्मियों पर आरोप लगाया था. उन्होंने कहा था, के दौरान पार्टी के कार्यकर्ताओं को बिना स्पष्ट कारण बताए हिरासत में लिया गया. उन्होंने कहा कि कई लोगों को नौबतपुर, फतुहा, कंकड़बाग और अन्य जगहों पर डिटेन किया गया और अधिकांश गिरफ्तारियां सादे कपड़ों में मौजूद पुलिसकर्मियों द्वारा की गईं. उनका आरोप है कि गिरफ्तार करने वाले अधिकारियों ने हिरासत का कारण भी नहीं बताया.
प्रशांत किशोर ने यह भी कहा था कि पुलिस को अपराध, चोरी, भ्रष्टाचार और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए, लेकिन इसके बजाय राजनीतिक रूप से प्रेरित कार्रवाई कर चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है. उन्होंने मांग की कि ऐसे मामलों की जांच हो और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए.
राजद कैंडिडेट ने बीजेपी कार्यकर्ताओं पर लगाया था आरोप
दूसरी तरफ, रेखा गुप्ता ने भंवर पोखर स्थित बूथ संख्या 359, 360 और 361 का निरीक्षण किया था. इसके बाद उन्होंने कहा था कि इन बूथों के आसपास भाजपा कार्यकर्ता बैज लगाकर मौजूद थे. उनका आरोप था कि वे मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे थे.
उन्होंने कहा था कि मैंने खुद देखा है कि भाजपा कार्यकर्ता लोगों को अपने पक्ष में मतदान करने के लिए प्रेरित और दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं. यह चुनाव आचार संहिता का खुला उल्लंघन है. चुनाव आयोग को इस पर तुरंत संज्ञान लेना चाहिए. लोकतंत्र में इस तरह की गतिविधियां स्वीकार नहीं की जा सकतीं.
RJD उम्मीदवार ने कहा था, मतदान केंद्रों के आसपास किसी भी राजनीतिक दल के कार्यकर्ताओं की ऐसी मौजूदगी निष्पक्ष चुनाव की भावना के खिलाफ है. उन्होंने निर्वाचन आयोग से पूरे मामले की जांच कराने और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की थी.
पिछले 4 चुनावों में सबसे कम मतदान
बांकीपुर सीट पर 30 जुलाई को महज 34.31 प्रतिशत वोटिंग हुई. यह पिछले नवंबर में हुए चुनाव (41.35 प्रतिशत) से करीब सात प्रतिशत कम है. इतना ही नहीं, आंकड़ों पर नजर डालें तो, इस बार पिछले चार चुनावों में सबसे कम वोटिंग हुई है. 2020 जो कि कोरोना महामारी का समय था, उस वक्त भी इस बार से ज्यादा प्रतिशत वोटिंग हुई थी. 2020 में 35.91 प्रतिशत वोटिंग हुई थी.
बांकीपुर सीट पर त्रिकोणीय मुकाबला
बांकीपुर सीट के लिए टोटल 25 उम्मीदवार मैदान में है. लेकिन मुख्य मुकाबला तीन दलों के बीच माना जा रहा है. बीजेपी के कैंडिडेट नीरज कुमार हैं. जबकि राजद की तरफ से रेखा गुप्ता को उम्मीदवार बनाया गया. जन सुराज की बात करें तो पार्टी के संस्थापक खुद चुनावी मैदान में हैं. चुनाव में जीत के लिए तीनों ने अपनी-अपनी ताकत झोंक दी है. लेकिन जनता किसके सपोर्ट में है और किसे अपना नेता बनाना चाहती है, यह बस कुछ घंटों में ही क्लियर हो जाएगा.
Also Read: बिहार में परिसीमन के बाद ही होंगे पंचायत चुनाव, मंत्री दीपक प्रकाश ने बताई सरकार की तैयारी
