Boundary Wall: बांका जिले के पंजवारा क्षेत्र के माराटीकर स्थित नवसृजित प्राथमिक विद्यालय उर्दू में चारदीवारी नहीं होने से विद्यालय की सुरक्षा भगवान भरोसे है. खुले परिसर में बाहरी लोगों का बेरोकटोक प्रवेश होने से पढ़ाई का माहौल प्रभावित हो रहा है. छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को रोजाना परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. ग्रामीणों ने विद्यालय की सुरक्षा और बेहतर शैक्षणिक वातावरण के लिए जल्द चारदीवारी निर्माण कराने की मांग की है.
शाम होते ही परिसर में जुटने लगते हैं असामाजिक तत्व
स्थानीय लोगों के अनुसार विद्यालय की छुट्टी होने के बाद शाम और रात के समय परिसर में असामाजिक तत्वों और नशेड़ियों का जमावड़ा लग जाता है. विद्यालय परिसर में लगे चापाकल और बरामदे का उपयोग गलत गतिविधियों के लिए किया जाता है. इससे विद्यालय का माहौल लगातार खराब होता जा रहा है.
सुबह गंदगी और नशे का सामान मिलने से बढ़ी चिंता
Boundary Wall: ग्रामीणों ने बताया कि सुबह विद्यालय खुलने पर परिसर में गंदगी, शराब की बोतलें और नशे से संबंधित अन्य सामान बिखरा मिलता है. ऐसे माहौल का बच्चों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है. अभिभावकों ने भी इस स्थिति पर चिंता जताते हुए विद्यालय की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है.
प्रधानाध्यापक ने विभाग को भेजा आवेदन
विद्यालय के प्रधानाध्यापक प्रफुल्ल पासवान ने बताया कि चारदीवारी निर्माण को लेकर शिक्षा विभाग के अधिकारियों को लिखित आवेदन दिया गया है. उन्होंने कहा कि बाउंड्री वॉल नहीं होने से विद्यालय की संपत्ति भी सुरक्षित नहीं है और कई बार बाहरी लोगों की आवाजाही से शिक्षण कार्य भी बाधित होता है.
ग्रामीणों ने जल्द निर्माण की उठाई मांग
ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते विद्यालय की चारदीवारी का निर्माण नहीं कराया गया तो भविष्य में कोई अप्रिय घटना भी हो सकती है. उन्होंने शिक्षा विभाग से अविलंब बाउंड्री वॉल का निर्माण कर विद्यालय में सुरक्षित, स्वच्छ और बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने की मांग की है.
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