ओबरा उच्च विद्यालय के सहायक शिक्षक की हृदय गति रुकने से मौत

शिक्षकों ने मौन रखकर की शोकसभा

शिक्षकों ने मौन रखकर की शोकसभा प्रतिनिधि, ओबरा. प्रखंड मुख्यालय स्थित उच्च विद्यालय के सहायक शिक्षक रामाशीष सिंह की हृदय गति रुकने की वजह से मौत होने का मामला प्रकाश में आया है. इस घटना के बाद विद्यालय के शिक्षकों व बच्चों के साथ-साथ शुभचिंतकों में शोक का माहौल कायम हो गया है. गुरुवार को विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक बिंदेश्वर कुमार सिंह की अध्यक्षता व पूर्व प्रधानाध्यापक मनोज कुमार के संचालन में एक शोकसभा का आयोजन किया गया. शिक्षकों व विद्यार्थियों ने दो मिनट का मौन रखकर आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की. परिजनों को सहनशक्ति प्रदान करने की कामना की. इस दौरान पूर्व प्रधानाध्यापक ने कहा कि उन्होंने 30 अक्तूबर 2007 को उच्च विद्यालय ओबरा में संस्कृत विषय के शिक्षक के रूप में योगदान दिया था. 54 वर्ष की उम्र में ही हृदय गति रुकने से उनकी मौत हो गयी है. वैसे वह ओबरा प्रखंड के कैथी गांव के रहने वाले थे. शिक्षकों ने उनकी जीवनी पर प्रकाश डालते हुए कहा कि योगदान के समय से वह विद्यालय में निरंतर आया करते थे. वह एक अभिभावक के रूप में थे. शिक्षक वीर बहादुर सिंह, अजय सिंह, अजीत कुमार, विशाल कुमार, राम अवधेश, राहुल कुमार, दीपक कुमार, अंशु रानी, मनोरमा, लालमुनि कुमारी, प्रो मंजूर आलम, राम अवधेश सिंह, रिंकी कुमारी, अंशु, मो जावेद, दीपक कुमार, अनिता कुमारी आदि शिक्षकों ने कहा कि उनके निधन से शिक्षा जगत को अपूरणीय क्षति हुई है. इधर, जानकारी मिली कि शिक्षक रामाशीष सिंह की तबीयत अचानक खराब हो गयी. उनके पुत्र अंबुज कुमार उन्हें इलाज के लिए पटना ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में उनकी मौत हो गयी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SUJIT KUMAR

SUJIT KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >