कुटुंबा मेंश्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर गंगहर स्थित राधाकृष्ण ठाकुरबाड़ी परिसर में 24 घंटे के अखंड कीर्तन का आयोजन किया गया. इस दौरान आसपास के गांवों से पहुंची कीर्तन मंडलियों ने भजन-कीर्तन की प्रस्तुति दी. हरे राम और हरे कृष्ण के जयघोष से पूरा ठाकुरबाड़ी परिसर दिन-रात भक्तिमय बना रहा. बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने आयोजन में पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण के प्रति अपनी आस्था प्रकट की.
अखंड कीर्तन का आयोजन रिंकू कुमार सिंह के नेतृत्व में तथा पुरोहित विनय बाबा के निर्देशन में किया गया. ठाकुरबाड़ी के मुख्य पुजारी उमेश पांडेय ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर कार्यक्रम को संपन्न कराने में सहयोग किया. आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं का ठाकुरबाड़ी परिसर में लगातार आना-जाना लगा रहा.
धार्मिक परंपरा को आगे बढ़ाने का प्रयास
आयोजक रिंकू कुमार सिंह ने कहा कि जन्माष्टमी के अवसर पर इस धार्मिक आयोजन का उद्देश्य ग्रामीणों को एकजुट करना और उन्हें भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति से जोड़ना है. इसके साथ ही गांव की धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा को आगे बढ़ाने का भी प्रयास किया जा रहा है.
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से ग्रामीणों के बीच आपसी मेलजोल बढ़ता है और नई पीढ़ी भी अपनी धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं से जुड़ती है. अखंड कीर्तन के दौरान पूरा गंगहर भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा.
कीर्तन मंडलियों ने बांधा समां
अखंड कीर्तन में विभिन्न गांवों से पहुंची कीर्तन मंडलियों ने अपनी प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को भक्तिरस में डुबोये रखा. पिछुलिया गांव की कीर्तन मंडली ने विशेष प्रस्तुति दी. वहीं भीम सिंह के नेतृत्व में गंगहर कीर्तन मंडली ने लगातार भजन-कीर्तन प्रस्तुत कर माहौल को भक्तिमय बनाए रखा.
24 घंटे तक चले अखंड कीर्तन के दौरान ठाकुरबाड़ी परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ बनी रही. भजन और धार्मिक जयघोष के बीच लोगों ने भगवान श्रीकृष्ण की आराधना की. आयोजन में ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी रही.
ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा
अखंड कीर्तन में हम पार्टी के अध्यक्ष विजय कुमार सिंह, पूर्व सरपंच अखिलेश कुमार सिंह, विमलेश कुमार सिंह, चित्तरंजन कुमार, संतोष कुमार सिंह, सुप्रसाद ठाकुर, उज्ज्वल आदित्य, शुभम कुमार समेत कई ग्रामीणों ने सहभागिता निभायी.
ग्रामीणों ने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग किया. जन्माष्टमी के अवसर पर आयोजित 24 घंटे के अखंड कीर्तन से गंगहर गांव में पूरे दिन और रात धार्मिक माहौल बना रहा. श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन में शामिल होकर भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति की और आयोजन के माध्यम से गांव की परंपरा को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया.
