Aurangabad News : भगवान प्रसाद शिवनाथ प्रसाद बीएड कॉलेज, दाउदनगर के प्राचार्य डॉ. अमित कुमार और व्याख्याता निशांत कुमार ने अकादमिक क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है. दोनों की पीएचडी की मौखिक परीक्षा (वाइवा) एक अगस्त को राजस्थान के अलवर स्थित सनराइज यूनिवर्सिटी में सफलतापूर्वक संपन्न हुई. वाइवा में सफलता के बाद विश्वविद्यालय ने दोनों शोधार्थियों को पीएचडी की उपाधि प्रदान की.
अलग-अलग विषयों पर किया शोधकार्य
निशांत कुमार ने शिक्षा संकाय में 'माध्यमिक स्तर के सामान्य एवं दिव्यांग विद्यार्थियों के व्यक्तित्व, बुद्धि एवं समायोजन का तुलनात्मक अध्ययन' विषय पर शोध किया. उनके शोध निर्देशक डॉ. अजीत सिंह यादव रहे. वहीं, डॉ. अमित कुमार ने शिक्षा संकाय में 'माध्यमिक विद्यालय के शिक्षकों के लिए शिक्षा की दिशा में प्रभावशीलता के तरीकों का एक प्रायोगिक अध्ययन : बिहार (भारत) के विशेष संदर्भ में' विषय पर शोधकार्य किया. उनके शोध निर्देशक डॉ. वीर भवानी रहे.
वाइवा में शोध से जुड़े सवालों के दिए प्रभावी जवाब
मौखिक परीक्षा में श्री जैन टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज, अलवर की प्राचार्या डॉ. अनिता सोनी मुख्य बाह्य परीक्षक के रूप में उपस्थित रहीं. दोनों शोधार्थियों ने अपने-अपने शोधग्रंथ पर आधारित प्रभावशाली प्रस्तुति दी. बाह्य परीक्षक ने शोध विषयों से जुड़े कई गहन और जटिल प्रश्न पूछे, जिनका दोनों ने आत्मविश्वास और तार्किक ढंग से संतोषजनक उत्तर दिया. विश्वविद्यालय के अन्य प्राध्यापकों ने भी शोध की प्रासंगिकता, शोध-पद्धति और निष्कर्षों को लेकर प्रश्न किए, जिनका दोनों शोधार्थियों ने प्रभावी ढंग से जवाब दिया.
शोध निर्देशकों ने जताई खुशी
इस उपलब्धि पर शोध निर्देशक डॉ. अजीत सिंह यादव और डॉ. वीर भवानी ने प्रसन्नता व्यक्त की. उन्होंने कहा कि दोनों शोधार्थियों ने शोधकार्य के दौरान गंभीरता, समर्पण और उत्कृष्ट अकादमिक दृष्टिकोण का परिचय दिया. यह उपलब्धि उनके सतत परिश्रम और शोध के प्रति निष्ठा का परिणाम है.
डॉ. अमित कुमार की दूसरी पीएचडी
उल्लेखनीय है कि डॉ. अमित कुमार के लिए यह दूसरी पीएचडी की उपाधि है. इससे पहले वे इतिहास संकाय में भी पीएचडी प्राप्त कर चुके हैं. उनकी इस उपलब्धि पर महाविद्यालय परिवार, सहकर्मियों, विद्यार्थियों और शुभचिंतकों ने बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की.
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