औरंगाबाद से सुजीत कुमार सिंह की रिपोर्ट
Aurangabad News: औरंगाबाद जिले के दिव्यांग खिलाड़ियों के खेल कौशल और प्रतिभा विकास को एक नई दिशा मिलने जा रही है. सोमवार को औरंगाबाद जिला पारा स्पोर्ट्स एसोसिएशन के नए जिला कार्यालय एवं पारा स्पोर्ट्स ट्रेनिंग सेंटर का भव्य उद्घाटन किया गया. यह सेंटर अनुराग नगर स्थित एस.एन. सिन्हा कॉलेज के पास गंगटी चौक पर शुरू किया गया है.
इस विशेष कार्यक्रम का उद्घाटन बिहार सरकार के पूर्व राज्य आयुक्त (दिव्यांगजन) और बिहार पारा स्पोर्ट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. शिवाजी कुमार ने फीता काटकर किया.
दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण का माध्यम है खेल: डॉ. शिवाजी कुमार
उद्घाटन के अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि डॉ. शिवाजी कुमार ने कहा कि खेल दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण, उनके आत्मविश्वास निर्माण और सामाजिक समावेशन का एक बेहद प्रभावी माध्यम है. उन्होंने औरंगाबाद जिले में पारा स्पोर्ट्स की गतिविधियों को व्यापक स्तर पर विकसित करने की आवश्यकता पर जोर दिया. डॉ. शिवाजी ने उम्मीद जताई कि इस सेंटर की मदद से जिले के अधिक से अधिक दिव्यांग खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंच सकेंगे और देश-दुनिया में जिले का नाम रोशन करेंगे.
वार्षिक अधिवेशन में हुआ नई जिला कार्यकारिणी का गठन
ट्रेनिंग सेंटर के उद्घाटन समारोह के बाद औरंगाबाद जिला पारा स्पोर्ट्स एसोसिएशन का वार्षिक अधिवेशन आयोजित किया गया. इस अधिवेशन में सर्वसम्मति से संगठन की नई जिला कार्यकारिणी का गठन किया गया.
नई कमेटी में सर्वसम्मति से पदाधिकारियों का चयन किया गया है, जिसके तहत सचिन कुमार उर्फ सोनू कुमार को जिला अध्यक्ष, प्रकाश कुमार को उपाध्यक्ष, दीपक कुमार को सचिव, कुंदन सिंह को कोषाध्यक्ष तथा रोहित सिंह एवं भारत सिंह को संयुक्त सचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई है. इसके अलावा, कार्यकारिणी को और अधिक मजबूती देने के लिए पूजा कुमारी, विकास सिंह, बचन सिंह, सुमन देवी, देवीलाल कुमार, मिथिलेश कुमार, अभिषेक सिंह, छोटू कुमार, मनोज कुमार, सुधांशु कुमार, जयप्रकाश सिंह एवं ओम प्रकाश कुमार सिंह को सदस्य के रूप में मनोनीत किया गया है.
राज्य और राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए मिलेगा बेहतरीन प्रशिक्षण
एसोसिएशन के नवनिर्वाचित जिला सचिव दीपक कुमार ने संगठन की आगामी प्राथमिकताओं को साझा किया. उन्होंने कहा कि इस नवस्थापित प्रशिक्षण केंद्र (ट्रेनिंग सेंटर) के माध्यम से जिले के दिव्यांग खिलाड़ियों को नियमित और उच्च गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा. इससे खिलाड़ियों की प्रतिभा निखरेगी और वे राज्य, राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन कर सकेंगे.
बड़ी संख्या में खेल प्रेमी रहे मौजूद
इस पूरे कार्यक्रम का सफल संचालन राष्ट्रीय कोच तुलसी कुमार ठाकुर ने किया. उद्घाटन समारोह में बड़ी संख्या में दिव्यांग खिलाड़ी, उनके अभिभावक, स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता और खेल प्रेमी मौजूद रहे. उपस्थित लोगों ने इस पहल को औरंगाबाद में दिव्यांग खेल आंदोलन को नई गति देने वाला महत्वपूर्ण कदम बताया.
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