दाउदनगर से ओम प्रकाश की रिपोर्ट :
Aurangabad News : जिले के दाउदनगर प्रखंड के मुसेपुरखैरा गांव में अभियान बसेरा-2 के तहत भूमिहीन परिवारों को सरकारी भूमि उपलब्ध कराने की दिशा में प्रशासनिक प्रक्रिया तेज हो गई है. अंचल कार्यालय की ओर से 45 डिसमिल सरकारी जमीन की बंदोबस्ती का प्रस्ताव जारी करते हुए आम सूचना प्रकाशित की गई है. इसके साथ ही संबंधित व्यक्तियों से निर्धारित समय के अंदर किसी प्रकार की आपत्ति या दावा होने पर उसे दर्ज कराने को कहा गया है.
आठ लाभुकों के नाम किए गए प्रस्तावित
जारी सूचना के अनुसार मौजा मुसेपुरखैरा, थाना संख्या-41, खाता संख्या-46 और खेसरा संख्या-161 की कुल 45 डिसमिल भूमि की बंदोबस्ती का प्रस्ताव तैयार किया गया है. इस भूमि पर आठ लाभुकों के नाम प्रस्तावित किए गए हैं. सभी लाभुक मुसेपुरखैरा गांव, पंचायत अरई, थाना एवं अंचल दाउदनगर के निवासी हैं. प्रस्तावित लाभुकों में लखपतिया देवी (पति शिवचरण राम), गीता देवी (पति देवरण राम), सुषमा देवी (पति रामवरण राम), बेबी देवी (पति शिवकरण राम), ज्ञानी देवी (पति रामचरण राम), सोहरी देवी (पति संजय पासवान), शारदा देवी (पति रामाशीष राम) तथा ललिता देवी (पति पिंटू पासवान) का नाम शामिल है. अभियान बसेरा-2 के तहत भूमिहीन एवं जरूरतमंद परिवारों को आवासीय भूमि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया के अंतर्गत यह कार्रवाई की जा रही है.
पांच फरवरी 2025 को मिला था पर्चा, पर जमीन पर कब्जा अब तक नहीं
जमीन की बंदोबस्ती का प्रस्ताव सार्वजनिक होने के बावजूद लाभुकों की परेशानियां कम नहीं हुई हैं. ग्रामीणों ने बताया कि पांच फरवरी 2025 को ही इन आठ परिवारों को भूमि का पर्चा उपलब्ध करा दिया गया था, लेकिन आज तक उन्हें जमीन पर वास्तविक कब्जा नहीं मिल सका है. जमीन पर अधिकार नहीं मिलने के कारण कई परिवार प्लास्टिक के तिरपाल डालकर अस्थायी ठिकानों में रहने को विवश हैं. बरसात और भीषण गर्मी के बीच उनका जीवन काफी संघर्षपूर्ण बना हुआ है.
जल्द कब्जा दिलाने का सीओ ने दिया भरोसा
अपनी समस्याओं को लेकर सभी लाभुक और ग्रामीण दाउदनगर अंचल कार्यालय पहुंचे तथा अधिकारियों से हस्तक्षेप कर शीघ्र जमीन पर कब्जा दिलाने की मांग की. ग्रामीणों का कहना है कि पर्चा मिलने के बावजूद जमीन का अधिकार नहीं मिलना प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़ा करता है. इससे गरीब परिवारों की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं. इस संबंध में अंचलाधिकारी शैलेंद्र कुमार यादव ने ग्रामीणों को आश्वस्त करते हुए कहा कि सभी लाभुकों को जल्द से जल्द जमीन पर कब्जा दिलाया जाएगा. उन्होंने बताया कि प्रशासन इस मामले को गंभीरता से ले रहा है तथा आवश्यक प्रक्रियाओं को पूरा कर नियमानुसार आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.
