Arwal News: (अंजनी कुमार की रिपोर्ट) अरवल जिले के कलेर थाना क्षेत्र अंतर्गत प्रताप नगर गांव में शनिवार की रात चोरों ने पुलिसिया गश्त को चुनौती देते हुए एक बड़ी और सनसनीखेज चोरी की घटना को अंजाम दिया है. शातिर चोरों ने एक घर में दाखिल होकर 76 हजार रुपये नकद समेत करीब 25 लाख रुपये मूल्य के सोने और चांदी के कीमती आभूषणों पर हाथ साफ कर दिया. सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि जब चोर इस बड़ी वारदात को अंजाम दे रहे थे, तब परिवार के सभी सदस्य उसी घर के कमरों में गहरी नींद में सो रहे थे. रविवार की सुबह जब परिजनों की आंख खुली और उन्होंने घर का नजारा देखा, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई.
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रताप नगर निवासी अशोक कुमार सिंह के पुत्र अविनाश कुमार ने इस बाबत कलेर थाने में लिखित आवेदन देकर मामला दर्ज कराया है. पीड़ित अविनाश ने बताया कि शनिवार की रात रोज की तरह परिवार के सभी सदस्य भोजन करने के बाद अपने-अपने कमरों में सोने चले गए थे. रविवार की सुबह करीब 4:30 बजे जब उनकी नींद खुली और वे शौच के लिए कमरे से बाहर निकले, तो उन्होंने देखा कि बगल के कमरे का दरवाजा आधा खुला हुआ था. संदेह होने पर जब वे कमरे के अंदर दाखिल हुए, तो देखा कि वहां रखे ट्रंक और गोदरेज अलमारी के ताले टूटे हुए थे और कीमती सामान व कपड़े फर्श पर बिखरे पड़े थे.
सोने का हार सहित 25 लाख के आभूषण ले उड़े चोर
थाने में दिए गए आवेदन के अनुसार, चोरों ने बेहद इत्मीनान से अलमारी और ट्रंक के लॉकर को तोड़कर उसमें रखे सभी कीमती गहने और 76 हजार रुपये कैश चुरा लिए. पीड़ित परिवार के मुताबिक, चोरी गए सामानों की कुल कीमत लगभग 25 लाख रुपये आंकी गई है.
चोरी गए मुख्य आभूषणों की सूची:
- सोने का भारी हार और कंटाप सेट.
- चार पीस सोने की कान की बाली.
- एक सेट सोने की कंगली (कंगन) और लारी सहित सोने की नथिया.
- एक जोड़ी सोने का भारी पारंपरिक पायलनुमा आभूषण.
- दो पीस सोने की अंगूठी और एक सोने की भारी सिकड़ी (चैन).
- एक सोने का मांग टीका और चांदी का शुद्ध कटोरा सहित कई अन्य बहुमूल्य रत्न.
छत के रास्ते दाखिल हुए थे चोर, गांव में दहशत का माहौल
इस बड़ी वारदात के बाद से प्रताप नगर गांव और आसपास के ग्रामीण इलाकों में दहशत और असुरक्षा का माहौल बना हुआ है. स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि चोरों के हौसले इतने बुलंद हैं कि उन्हें घर में लोगों की मौजूदगी का भी कोई खौफ नहीं रहा. ग्रामीणों की आशंका है कि चोरों ने पहले घर की रेकी की थी और शनिवार की रात वे छत के रास्ते या वेंटिलेटर के जरिए घर के अंदर दाखिल हुए. इसके बाद पूरी प्लानिंग और सुनियोजित तरीके से केवल उसी कमरे को निशाना बनाया गया, जहां संपत्ति रखी हुई थी.
पुलिस का क्या है कहना?
मामले की जानकारी मिलते ही कलेर थाना पुलिस तुरंत एक्शन में आ गई. कलेर के थानाध्यक्ष अमित कुमार ने बताया कि पीड़ित अविनाश कुमार के आवेदन के आधार पर थाने में कांड संख्या दर्ज कर ली गई है. घटना की संवेदनशीलता और बड़ी रकम को देखते हुए जिला मुख्यालय से डॉग स्क्वायड, डीआईयू और एफएसएल की साइंटिफिक टीम को मौके पर बुलाया गया है.
खोजी कुत्तों और फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स की मदद से घटनास्थल से फिंगरप्रिंट और महत्वपूर्ण सुराग जुटाए गए हैं. थानाध्यक्ष ने दावा किया है कि पुलिस सभी तकनीकी और मानवीय पहलुओं पर गहराई से जांच कर रही है. आसपास के संदिग्धों से भी पूछताछ की जा रही है. बहुत जल्द अपराधियों की पहचान कर उन्हें सलाखों के पीछे भेजा जाएगा और चोरी की गई संपत्ति बरामद कर ली जाएगी.
