अरवल : जिले में इन दिनों बालू निकासी के कारण जाम की स्थिति आम बात हो गयी है. बड़े वाहनों की कतार बलिदाद से प्रसादी इंग्लिश तक लगा रहता . बड़ी गाड़ियों के परिचालन से शहर की स्थिति अस्त-व्यस्त हो जा रही है. नो इंट्री के बावजूद भी वाहन बालू ओवरलोड कर जा रहे हैं, जिसके कारण इस मार्ग से आने जाने वाहन चालकों एवं लोगों को काफी समस्या का सामना करना पड़ता है.
जाम से अरवलवासियों को नहीं मिल पा रही है निजात

जाम से अरवलवासियों को नहीं मिल पा रही है निजात
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अरवल : जिले में इन दिनों बालू निकासी के कारण जाम की स्थिति आम बात हो गयी है. बड़े वाहनों की कतार बलिदाद से प्रसादी इंग्लिश तक लगा रहता . बड़ी गाड़ियों के परिचालन से शहर की स्थिति अस्त-व्यस्त हो जा रही है. नो इंट्री के बावजूद भी वाहन बालू ओवरलोड कर जा रहे हैं, […]
बताते चलें कि सोन नदी घाट पर बालू उठाव के लिए दूसरे स्थानों से बड़ी संख्या में बड़े वाहन इन दिनों पहुंच ोा है. पहले से जाम की समस्या झेल रहे जिला मुख्यालय में वाहनों की संख्या बढ़ते ही यह समस्या और अधिक भयावह हो गयी है.
स्थानीय लोग कई बार जिला प्रशासन से बालू उठाव के लिए आने वाले ट्रकों के आवागमन के लिए एक समय सीमा निर्धारित करने की मांग कर चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद भी कभी भी बालू उठाव के लिए बड़े वाहन शहर में प्रवेश कर जाते हैं, परिणामस्वरूप जाम की गंभीर समस्या से लोगों को जूझना पड़ रहा है.
शहर से गुजरने वाली एनएच-110 तथा 139 हमेशा ट्रैफिक से पटा रहता है. कभी-कभी तो जाम की समस्या इस कदर गंभीर हो जाती है कि लोगों को शहर पार करने में घंटों समय लग जाता है. इधर बालू उठाव इस समस्या को और अधिक बढ़ा दिया है.
वैकल्पिक मार्ग की नहीं है व्यवस्था : वैकल्पिक मार्ग नहीं रहने के कारण छोटे-बड़े सभी वाहन इसी रास्ते से गुजरते हैं. शहर में इन दिनों जाम लगने के कारण आम राहगीरों को काफी परेशानी हो रही है. प्रत्येक दिन सुबह से शाम तक जाम की समस्या से लोगों को हलकान होना पड़ रहा है.
शहर में दूसरे जिले तथा राजधानी से जोड़ने के लिए दो राष्ट्रीय राजमार्ग हैं. इन पर भारी वाहनों की संख्या ज्यादा होने के कारण जाम की समस्या बनी रहती है. बाजार में लोगों की संख्या काफी होती है.
राष्ट्रीय राजमार्ग पर बड़े वाहनों की आवाजाही से दिन में जाम लग जाता है. स्कूली बच्चे और सदर अस्पताल से रेफर हुए मरीज भी जाम में फंस जाते हैं. बालू उठाव का समय रात्रि में है, फिर भी भारी वाहन पहले ही प्रवेश कर जाते हैं और सड़क किनारे खड़ा कर देते हैं.
बोले पदाधिकारी
शहर में जाम न लगे, इसके लिए बाइपास निर्माण के लिए प्रस्ताव एनएच को भेजा गया है. शहर में जाम लगता है जिसके कारण अहियापुर से उमैराबाद तक के लिए बाइपास बनना है.
रविशंकर चौधरी, डीएम, अरवल