शिक्षक नियोजन भी हो सकता है गोलीबारी की घटना का कारण
करपी (अरवल) : प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी पर मंगलवार की रात हुई गोलीबारी की घटना कहीं न कहीं शिक्षक नियोजन के इर्द-गिर्द घूमते दिख रही है. खुल कर तो कोई बोलने को तैयार नहीं, लेकिन दबी जुबान अधिकांश लोग शिक्षक नियोजन को ही इस घटना के पीछे होने की बात कह रहे हैं. विदित हो कि […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
करपी (अरवल) : प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी पर मंगलवार की रात हुई गोलीबारी की घटना कहीं न कहीं शिक्षक नियोजन के इर्द-गिर्द घूमते दिख रही है. खुल कर तो कोई बोलने को तैयार नहीं, लेकिन दबी जुबान अधिकांश लोग शिक्षक नियोजन को ही इस घटना के पीछे होने की बात कह रहे हैं.
विदित हो कि न्यायालय के निर्देश पर सभी नियोजित शिक्षकों के प्रमाणपत्रों की जांच पिछले 9-10 माह से चल रही है जिसमें कुछ फर्जी शिक्षक तो जांच के दायरे से बचने के लिए विद्यालय छोड़ फरार हो गये तो कई नियोजित शिक्षकों पर इनके द्वारा प्राथमिकी भी दर्ज करायी गयी है. सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पूर्व में कुछ शिक्षकों का इन्होंने वेतन भुगतान पर भी रोक लगायी थी जिसके लिए इन्हें धमकी भी मिली थी तो कोई इन्हें तबादला करवा देने की भी धमकी भी थी लेकिन ये अपनी ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा से पीछे नहीं हटे.
इस प्रकार की धमकी मिलने के बाद से ये करपी नहीं रहकर पटना जिले के विक्रम स्थित अपने गांव दीनाबिगहा चले जाते थे या पालीगंज के निकट स्थित मौसी के घर प्रतिदिन चले जाते थे, लेकिन शायद ज्यादा कार्य होने की वजह से मंगलवार की रात्रि में भी वह बीआरसी में बैठ कार्य कर रहे थे.
गोलीकांड की निंदा :करपी (अरवल). करपी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी शालिकराम शर्मा पर मंगलवार की रात गोलीकांड की निंदा अरवल जिला के लोक जनशक्ति पार्टी के जिला अध्यक्ष वशिष्ठ पासवान ने की है.
लोजपा नेता ने बताया कि शिक्षा पदाधिकारी एक नेक एवं कर्तव्यनिष्ठ पदाधिकारी थे. इनके ऊपर जानलेवा हमला पुलिस प्रशासन के लिए चुनौती का विषय है. उन्होंने अरवल पुलिस अधीक्षक से शीघ्र दोषियों को गिरफ्तार कर जेल भेजने की मांग की है.