आरा
. करनामेपुर थाने की पुलिस ने दबंगई दिखाने के लिए सोशल मीडिया पर हथियार का प्रदर्शन करने के मामले में एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है. वह करनामेपुर थाना क्षेत्र के सोनवर्षा गांव निवासी सुदर्शन यादव का पुत्र गंगासागर यादव है. हालांकि उसके तीन साथी अभी फरार हैं. उन तीनों की भी पहचान कर ली गयी है. तीनों उसी गांव के रहने वाले हैं. इनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी जारी है. सोशल मीडिया पर हथियारों के प्रदर्शन का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने शनिवार की रात यह कार्रवाई की. इस संबंध में थानाध्यक्ष कन्हैया कुमार के बयान पर चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गयी है. इनमें गंगासागर यादव के अलावे उसी गांव के रामाशंकर यादव के पुत्र सनोज यादव, आस नंदन यादव के पुत्र जीतेंद्र यादव और तेज नारायण यादव के पुत्र अखिलेश यादव शामिल हैं. थानाध्यक्ष के अनुसार शनिवार की दोपहर में सोशल मीडिया के जरिए तीन युवकों का हाथ में राइफल और कट्टा लेकर खतरनाक तरीके से प्रदर्शन करने का फोटो मिला. वायरल फोटो के सत्यापन के क्रम में ग्रामीणों और स्थानीय चौकीदार के जरिए तीनों लड़कों की पहचान गंगासागर यादव, सनोज यादव और जितेंद्र यादव के रूप में की गयी. पूछताछ के क्रम में पता चला कि सभी लोग सोनवर्षा गांव के निवासी हैं और अपने पास रखे अवैध हथियारों का प्रदर्शन कर ग्रामीणों को भयभीत करते रहते हैं. दबंगता दिखाने के लिए सोशल मीडिया पर शस्त्र के साथ प्रदर्शन करते हैं. सभी सार्वजनिक जगहों पर भी हथियार लहराते हैं और फोटो खिंचवाते हैं. इससे आम लोगों में दहशत और भय पैदा हो गया है. फोटो के सत्यापन बाद के उनके नेतृत्व में गंगासागर यादव के घर छापामारी की गयी. उस दौरान गंगासागर यादव को गिरफ्तार किया गया. पूछताछ में उसके द्वारा हथियार का प्रदर्शन करने की बात स्वीकार करते हुए वायरल फोटो में दिख रहे लड़कों के बारे में भी जानकारी दी गयी. हथियार के संबंध पूछताछ करने पर उसके द्वारा बताया गया कि हथियार गांव के अखिलेश यादव का है. उसे लेकर तीनों ने फोटो लिया था और फोटो वायरल हो गया.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
