कोईलवर में गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर संगमेश्वर नाथ परमधाम, बिंदगावा में श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ पूजा-अर्चना एवं विशाल भंडारे का आयोजन किया गया. इस अवसर पर संत एवं मंदिर के संरक्षक योगानंद जी महाराज ने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि गुरु के बिना ज्ञान की प्राप्ति संभव नहीं है. गुरु ही मनुष्य को अज्ञान रूपी अंधकार से निकालकर सत्य, ज्ञान और आत्मबोध के प्रकाश की ओर ले जाते हैं.
संगमेश्वर नाथ में हुआ विशाल भंडारा
उन्होंने कहा कि जीवन में गुरु का स्थान सर्वोच्च है और उनके बताए मार्ग पर चलकर ही व्यक्ति का जीवन सफल एवं सार्थक बनता है.पूजा-अर्चना के उपरांत विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं, संत-महात्माओं एवं स्थानीय ग्रामीणों ने प्रसाद ग्रहण किया. पूरे मंदिर परिसर में दिनभर भक्ति, सेवा और आध्यात्मिक वातावरण बना रहा.
मंदिर में जुटी श्रद्धालुओं की भीड़
सुबह से ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी. भक्तों ने भगवान शिव का जलाभिषेक किया और गुरु का पूजन कर सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की. आयोजन को सफल बनाने में मंदिर समिति, स्वयंसेवकों एवं स्थानीय श्रद्धालुओं की सक्रिय भूमिका रही.
