Shan Masood finger fracture: वेस्टइंडीज के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज में 0-1 से पिछड़ रही पाकिस्तान क्रिकेट टीम को दूसरे टेस्ट से पहले बड़ा झटका लगा है. टीम के अनुभवी बल्लेबाज शान मसूद चोट के कारण सीरीज के दूसरे मुकाबले से बाहर हो गए हैं. पहले टेस्ट मैच की पहली पारी में बल्लेबाजी के दौरान उनकी उंगली में फ्रैक्चर हो गया था, जिसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें पूरी तरह आराम करने की सलाह दी है. हालांकि पाकिस्तान टीम मैनेजमेंट को उम्मीद है कि शान मसूद 19 अगस्त से इंग्लैंड के खिलाफ शुरू होने वाली तीन मैचों की टेस्ट सीरीज तक पूरी तरह फिट हो जाएंगे. लेकिन मौजूदा टेस्ट सीरीज के निर्णायक मुकाबले से उनका बाहर होना पाकिस्तान के लिए बड़ा नुकसान माना जा रहा है.
लंबे इंतजार के बाद फॉर्म में लौटे थे शान मसूद
शान मसूद के लिए वेस्टइंडीज के खिलाफ पहला टेस्ट व्यक्तिगत तौर पर काफी खास रहा था. लंबे समय से खराब फॉर्म से जूझ रहे इस बल्लेबाज ने पहली पारी में शानदार वापसी करते हुए तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी की और 163 गेंदों में शतक जड़ा. यह शान मसूद का करीब दो साल बाद टेस्ट क्रिकेट में सातवां शतक था. उनकी इस पारी ने न सिर्फ आलोचकों को जवाब दिया था, बल्कि पाकिस्तान के मध्यक्रम को भी मजबूती दी थी. ऐसे समय में जब टीम को अनुभवी बल्लेबाजों से बड़ी पारियों की जरूरत थी, शान मसूद का फॉर्म में लौटना पाकिस्तान के लिए सकारात्मक संकेत था.
चोट के बावजूद दूसरी पारी में उतरे थे बल्लेबाजी करने
पहले टेस्ट मुकाबले में चोट लगने के बावजूद शान मसूद ने टीम का साथ नहीं छोड़ा था. पोर्ट ऑफ स्पेन, त्रिनिदाद में खेले गए मुकाबले की दूसरी पारी में वह बल्लेबाजी के लिए मैदान पर उतरे थे. हालांकि हाथ में दर्द और असहजता के कारण वह अपने नियमित तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी नहीं कर सके. उन्हें आठवें नंबर पर उतरना पड़ा था. चोट की गंभीरता को देखते हुए अब उन्हें आराम दिया गया है.
कामरान गुलाम को मिल सकता है मौका
शान मसूद के बाहर होने के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने कामरान गुलाम को रिप्लेसमेंट के तौर पर टीम से जोड़ने की तैयारी शुरू कर दी है. छह टेस्ट मैचों का अनुभव रखने वाले कामरान गुलाम के पास अब पाकिस्तान के मध्यक्रम में अपनी जगह मजबूत करने का बड़ा अवसर होगा. संभावना है कि इंग्लैंड के खिलाफ आगामी टेस्ट सीरीज के लिए भी कामरान गुलाम को टीम में शामिल किया जा सकता है. वह घरेलू क्रिकेट में लगातार अच्छा प्रदर्शन करते रहे हैं और अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी उपयोगिता साबित करने की कोशिश करेंगे.
पहले टेस्ट में पाकिस्तान को मिली थी करारी हार
वेस्टइंडीज के खिलाफ पहला टेस्ट पाकिस्तान के लिए निराशाजनक रहा था. 211 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए पाकिस्तान की पूरी टीम सिर्फ 120 रनों पर सिमट गई थी. मेहमान टीम को इस मुकाबले में 90 रनों से हार का सामना करना पड़ा था. इस हार के बाद पाकिस्तान के सामने सीरीज बचाने की चुनौती खड़ी हो गई है. दूसरे टेस्ट में वापसी के लिए टीम को अपनी प्लेइंग इलेवन में बदलाव करने पड़ सकते हैं. बल्लेबाजी क्रम को मजबूत करना और मध्यक्रम से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद पाकिस्तान के लिए सबसे बड़ी जरूरत होगी. अब शान मसूद की गैरमौजूदगी में पाकिस्तान की निगाहें बाबर आजम, मोहम्मद रिजवान और अन्य अनुभवी बल्लेबाजों पर होंगी, जो टीम को सीरीज में बराबरी दिलाने की कोशिश करेंगे.
