अब शहबाज शरीफ के पास शील्ड लेकर पहुंचे शाहिद अफरीदी, ‘बुनियान-ए-मर्सूस’ की दी बधाई

Shahid Afridi Congrats Shehbaz Sharif on Bunyan Al Mursus: कभी क्रिकेटर रहे अफरीदी अब बयानबाज़ी के योद्धा और रणनीतिक विशेषज्ञ हो गए हैं. शाहिद अफरीदी ने प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से इस्लामाबाद में मुलाकात की और ऑपरेशन बुनियान-ए-मर्सूस की सफलता पर बधाई दी. इस दौरान प्रधानमंत्री ने उन्हें ‘पाक-भारत तनाव’ में ‘महत्वपूर्ण भूमिका’ के लिए एक शील्ड भेंट की.

Shahid Afridi Congrats Shehbaz Sharif on Bunyan Al Mursus: कभी क्रिकेट मैदान में छक्के उड़ाने वाले शाहिद अफरीदी अब रणनीतिक युद्ध विशेषज्ञ बन चुके हैं. जी हां, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने उन्हें ‘पाक-भारत तनाव’ में ‘महत्वपूर्ण भूमिका’ निभाने के लिए एक शानदार शील्ड प्रदान की है. पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और ऑलराउंडर शाहिद खान अफरीदी ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री से मुलाकात की. यह मुलाकात इस्लामाबाद स्थित प्रधानमंत्री हाउस में हुई, जहां शाहिद अफरीदी ने प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को ऑपरेशन “बुनियान-ए-मर्सूस” की उल्लेखनीय सफलता पर बधाई दी. 

भारत पाकिस्तान के बीच 22 अप्रैल को पहलगाम आतंकी हमले के बाद तनाव चरम पर पहुंच गए थे. इस हमले में 25 भारतीय और एक नेपाली नागरिक की बेरहमी से गोली मारकर हत्या कर दी थी. इसके बाद भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत 6-7 मई की रात पाकिस्तान के 9 ठ��कानों पर हमले करके आतंकियों का सफाया किया. भारत के हमलों से बौखलाए पाकिस्तान की ओर से भारत के ऊपर 7-8 मई से लगातार ड्रोन हमले किए. इसी ऑपरेशन का नाम उसने ऑपरेशन बुनियान-ए-मर्सूस रखा था, जिसका भारत ने मुंहतोड़ जवाब दिया. आखिरकार, पाकिस्तान के डीजीएमओ ने भारतीय समकक्ष से बातकर सीजफायर की गुहार लगाई और अंततः 10 मई को यह लागू हुआ. 

पाकिस्तान को करारी मात मिलने के बावजूद उसके हौसले अब भी बुलंद है. पाकिस्तानी नेता और तमाम लोकप्रिय शख्सियतों ने इसे भारत पर जीत बताया. एक नेता ने तो राफेल की प्रतिकृति जलाई, तो पाकिस्तानी सेना ने भारत के लड़ाकू विमानों को मार गिराने का झूठा दावा किया. हालांकि भारतीय सेना ने पाकिस्तान के सारे दावों की हवा निकालते हुए बताया कि उसके सभी पायलट सुरक्षित हैं. जबकि पाकिस्तान को इस लड़ाई में भारी नुकसान झेलना पड़ा. भारत ने उसके कई एयरबेस और सैन्य ठिकानों पर हमले करके तबाह कर दिए. 

शाहिद अफरीदी ने इस तनाव के दौरान क्या किया?

अब बात करते हैं, शाहिद अफरीदी की करतूतों पर. पहलगाम में हुए हमले के बाद शाहिद अफरीदी ने तुरंत बयान जारी करने शुरू कर दिए. उन्होंने पहले इसे भारतीय सेना की अक्षमता बताया. उसके बाद इस नृशंस हत्या के लिए भारत सरकार को ही जिम्मेदार ठहरा दिया. मामला यहां पर शांत नहीं हुआ. उन्होंने लगातार भारतीय क्रिकेटरों से भी सोशल मीडिया पर काफी गहमागहमी भरी बातें की. उनकी टिप्पणियों के बाद भारत ने अफरीदी के यूट्यूब चैनल को ब्लॉक कर दिया, साथ ही 15 अन्य पाकिस्तानी चैनलों पर भी रोक लगा दी गई, जिनमें पूर्व क्रिकेटर राशिद लतीफ, शोएब अख्तर और बासित अली के चैनल भी शामिल थे. शाहिद के ट्विटर अकाउंट को भी बैन कर दिया गया. 

अफरीदी ने भारतीय मीडिया की कवरेज की तीखी आलोचना की और उसे “कार्टून नेटवर्क” जैसी पत्रकारिता करार दिया. उनके ये बयान पाकिस्तान में कई लोगों को पसंद आए, जिन्होंने माना कि भारतीय मीडिया जिम्मेदारी से रिपोर्टिंग करने की बजाय तनाव को और भड़का रहा है. सीजफायर होने के बाद अफरीदी कराची में एक रैली भी निकालने लगे. इसके बाद उन्होंने लोगों को संबोधित करते हुए भारत ने पाकिस्तान को उकसाने की कीमत को कम करके आंका. लेकिन पाक सेना बहादुरी से लड़ी. 

सीजफायर के बाद से है शांति

फिलहाल भारत की ओर से पहलगाम हमले के बाद केवल सैन्य गतिविधियों पर ही रोक लगी है. ऑपरेशन सिंदूर अब भी जारी है. वहीं बंद किए गए व्यापार और अन्य प्रतिबंध अब भी जारी है. 10 मई से हुए सीजफायर के बाद फिलहाल दोनों देशों के बीच शांति है. 

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उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के रहने वाले अनन्त ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. उन्होंने 2024 में अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत प्रभात खबर में खेल पत्रकार के रूप में की थी, जहां उन्होंने करीब एक वर्ष तक क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़ी खबरों को कवर किया. बाद में अपनी रुचि और विशेषज्ञता के चलते उन्होंने अंतरराष्ट्रीय डेस्क का रुख किया और आज वैश्विक राजनीति व भू-राजनीति के प्रमुख विषयों पर लेखन कर रहे हैं.

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