'क्रिकेट को बर्बाद करना चाहता है पाकिस्तान', अफगानिस्तान के पूर्व कप्तान का दावा

Pakistan Cricket: अफगानिस्तान के पूर्व कप्तान करीम सादिक ने पाकिस्तान के कायराना हमले की कड़ी निंदा की है, जिसमें कुछ युवा क्रिकेटरों की भी मौत हो गई है. क्रिकेटरों की मौत से दुखी करीम ने कहा कि पाकिस्तान क्रिकेट को बर्बाद करना चाहता है. उन्होंने कहा कि हम किसी भी हमले से नहीं डरते, लेकिन पाकिस्तान केवल नफरत फैलाना चानता है. हम क्रिकेट के माध्यम से प्रेम बांटना चाहते हैं.

Pakistan Cricket: अफगानिस्तान के पूर्व कप्तान करीम सादिक ने पाकिस्तानी कप्तान तीन स्थानीय क्रिकेटरों समेत आम नागरिकों की मौत की निंदा की है और कहा है कि यह पाकिस्तान का एक ‘कायराना हमला’ है. शनिवार सुबह, अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड (ACB) ने पुष्टि की कि उरगुन जिले में हुए हवाई हमले में मारे गए 8 लोगों में कबीर, सिबगतुल्लाह और हारून नाम के तीन खिलाड़ी भी शामिल थे. इसके जवाब में, एसीबी ने नवंबर में लाहौर और रावलपिंडी में होने वाली पाकिस्तान और श्रीलंका की आगामी त्रिकोणीय सीरीज से अपना नाम वापस ले लिया. एनडीटीवी से बात करते हुए, करीम ने कहा कि जिन खिलाड़ियों की जान गई, वे अफगानिस्तान क्रिकेट का भविष्य थे.

हम पठान हैं, हमले से नहीं डरेंगे : करीम

उन्होंने यह भी कहा कि हाल ही में संपन्न एशिया कप के दौरान भारत के रुख़ से प्रेरणा लेते हुए, अफ़ग़ानिस्तान की टीम भी पाकिस्तानी खिलाड़ियों से हाथ नहीं मिलाएगी. सादिक ने एनडीटीवी से खास बातचीत में कहा, ‘हम पठान हैं. हम किसी हमले से नहीं डरते. हमारे तीन बड़े और पांच छोटे क्रिकेटर मारे गए. हमारे बच्चे गरीब घरों से आते हैं. यहां ज्यादातर लोग दिन में सिर्फ एक बार खाना खाते हैं. उन्हें मारकर पाकिस्तान ने कायरतापूर्ण काम किया है, लेकिन इन सब से क्रिकेट नहीं रुकेगा. हम क्रिकेट खेलते रहेंगे, लेकिन अब भारत की तरह हम भी पाकिस्तान से हाथ नहीं मिलाएंगे.’

क्रिकेटरों के मारे जाने से दुखी हैं करीम

उन्होंने कहा, ‘अफगानिस्तान के 34 प्रांतों में लगभग 2,000 छोटे-बड़े क्लब हैं. इन दो हजार क्लबों से चुने गए क्रिकेटर ग्रेड-2 में जाते हैं. ग्रेड-2 में शानदार प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी ग्रेड-1 में पहुंचते हैं. ग्रेड-1 में अपनी क्षमता साबित करने के बाद, ये क्रिकेटर प्रथम श्रेणी क्रिकेट खेलते हैं और फिर देश के लिए खेलते हैं.’ करीम ने यह भी बताया कि इन खिलाड़ियों ने उनकी निगरानी में प्रशिक्षण लिया और क्रिकेट खेला और वे अपनी क्षेत्रीय टीम का प्रतिनिधित्व भी कर सकते थे. करीम को पूरा भरोसा था कि मारे गए क्रिकेटर देश का भविष्य थे और एक दिन देश के लिए जरूर खेलते.

पाकिस्तान ने रात में किया कायराना हमला

41 वर्षीय करीम ने कहा, ‘ये क्रिकेटर यहां से प्रांतीय क्रिकेट खेल सकते थे. वे उस स्तर की ओर बढ़ रहे थे, जो आपकी दिल्ली रणजी टीम के बराबर हो. क्रिकेटर दुनिया को एकजुट करने का काम करते हैं. पाकिस्तान क्रिकेट को ही नष्ट करना चाहता है. बहुत से निर्दोष लोगों की जान जा चुकी है.’ उन्होंने कहा, ‘आपको क्या लगता है, क्या मैं आतंकवादी हो सकता हूं? क्या राशिद खान आतंकवादी हो सकता है? हम पठान हैं. हमारा धर्म प्रेम है. हम क्रिकेट के माध्यम से दुनिया को प्रेम और दोस्ती का संदेश देते हैं. रात में गेस्टहाउस में खाना खा रहे क्रिकेटरों पर कायराना हमला बेहद दुखद है.’ करीम के अलावा, राशिद खान, फजलहक फारूकी और गुलबदीन नैब सहित अफगानिस्तान के कई अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों ने भी नागरिकों की मौत पर दुख व्यक्त किया.

ये भी पढ़ें…

‘आप हर किसी को खुश नहीं कर सकते’, टीम चयन पर Ajit Agarkar की बेबाक राय

Womens World Cup: सेमीफाइनल में कैसे पहुंचेगा भारत, करना होगा ये काम

Rohit Sharma की ऑस्ट्रेलिया में 5 धमाकेदार पारियां, ‘हिटमैन’ के नाम से ही कांपते हैं कंगारू

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By AmleshNandan Sinha

अमलेश नंदन सिन्हा प्रभात खबर डिजिटल में वरिष्ठ पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता में 20 से अधिक वर्षों का अनुभव है. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद से इन्होंने कई समाचार पत्रों के साथ काम किया. इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत रांची एक्सप्रेस से की, जो अपने समय में झारखंड के विश्वसनीय अखबारों में से एक था. एक दशक से ज्यादा समय से ये डिजिटल के लिए काम कर रहे हैं. झारखंड की खबरों के अलावा, समसामयिक विषयों के बारे में भी लिखने में रुचि रखते हैं. विज्ञान और आधुनिक चिकित्सा के बारे में देखना, पढ़ना और नई जानकारियां प्राप्त करना इन्हें पसंद है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >