‘पापा से डर…’, एमएस धोनी ने सुनाया वो किस्सा, जिससे उनमें आई ये बड़ी क्वालिटी

IPL 2025: एमएस धोनी 43 साल की उम्र में भी IPL 2025 में पूरे जोश और फिटनेस के साथ मैदान में उतरे हैं. हर सीजन की तरह इस बार भी वो चेन्नई सुपर किंग्स के सबसे बड़े आकर्षण बन��� हुए हैं. हाल ही में उनके रिटायरमेंट की अटकलें तब तेज हुईं जब उनके माता-पिता पहली बार स्टेडियम में मैच देखने पहुंचे. लेकिन रिटायरमेंट की खबरों को खारिज करते हुए धोनी अगला मैच खेलने के लिए पंजाब रवाना हो चुके हैं. MS Dhoni Reveals fathers fear made him disciplined.

IPL 2025 MS Dhoni Podcast: एमएस धोनी 43 साल की उम्र में भी पूरी फिटनेस और जोश के साथ आईपीएल 2025 में खेल रहे हैं. चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के पूर्व कप्तान धोनी हर सीजन की तरह इस बार भी आईपीएल के सबसे बड़े आकर्षण बने हुए हैं. जहां भी CSK का मैच होता है, वहां पीली जर्सी में ढके स्टेडियम में धोनी के नाम की गूंज बाकी टीमों से ज्यादा सुनाई देती है. उनके फैंस बस उन्हें खेलते हुए देखना चाहते हैं. हालांकि मैदान पर बड़े-बड़े छक्के लगाकर गेंदबाजों की बखिया उधेड़ने वाले धोनी अपने पिताजी से बहुत डरते थे. हाल ही में उनके रिटायरमेंट की भी चर्चा उड़ने लगी, जब उनके माता पिता पहली बार उनका मैच देखने मैदान पर आए. हालांकि ऐसा नहीं हुआ और धोनी अगला मैच खेलने के लिए पंजाब रवाना हो चुके हैं.  

हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान राज शमानी से बात करते हुए धोनी ने अपनी निजी जिंदगी को लेकर कई खुलासे किए. आमतौर पर बेहद निजी रहने वाले धोनी ने इस बातचीत में अपने बचपन, रांची की यादें और अपने पिता से जुड़े अनुभव साझा किए. उन्होंने बताया कि वे बचपन में अपने पापा से बहुत डरते थे, लेकिन साथ ही ये भी कहा कि उन्हें कभी किसी चीज की असुरक्षा महसूस नहीं हुई. धोनी ने कहा, “हमारे समय में जिंदगी में कोई असुरक्षा नहीं थी. रोज का वही रूटीन, कोई दिखावा नहीं, मोबाइल फोन नहीं सबकुछ एक जैसा था. स्कूल हमारी कॉलोनी में ही था, तो किसी तरह की बदमाशी की गुंजाइश नहीं थी. टीचर्स मेरे भाई को पहले पढ़ा चुके थे, इसलिए पूरा परिवार उन्हें पता था. उस समय सबसे बड़ी कॉम्पिटिशन सिर्फ कॉलोनी के खेलों में होती थी एक दिन हारे तो अगला दिन जीतना ही होता था.”

पिता जी से डर ने अनुशासन सिखा दिया

अपने पिता के बारे में बात करते हुए धोनी ने कहा, “पापा से डर बहुत लगता था. वो बहुत सख्त थे, हमेशा समय के पाबंद. लेकिन उन्हीं की वजह से मैं भी आज अनुशासित हूं. ऐसा नहीं था कि वो मारते थे, पर डर बना रहता था. मेरे दोस्त कॉलोनी की दीवारों पर चढ़ जाते थे, लेकिन मैं कभी नहीं चढ़ा. लगता था अगर पापा ने देख लिया तो गए काम से! क्या होगा नहीं पता, लेकिन डर बहुत था.” MS Dhoni Reveals fathers fear made him disciplined.

रिटायरमेंट की चर्चा पर भी दिया जवाब

इन दिनों धोनी के रिटायरमेंट पर भी काफी चर्चा रही है. धोनी ने पॉडकास्टर राज समानी के साथ बातचीत में यह साफ किया कि वह फिलहाल आईपीएल खेल रहे हैं और उन्होंने अपनी जिंदगी को बेहद सरल रखा है. उन्होंने कहा कि वह एक बार में एक ही साल पर फोकस करते हैं. धोनी ने बताया कि वे अभी 43 साल के हैं और इस सीजन के खत्म होते ही जुलाई में 44 के हो जाएंगे. ऐसे में उनके पास करीब 10 महीने का वक्त होगा यह तय करने के लिए कि वे एक और साल खेलेंगे या नहीं. उन्होंने यह भी जोड़ा कि यह फैसला वे नहीं बल्कि उनका शरीर करेगा कि आगे खेलना है या नहीं.

हालांकि, आईपीएल 2025 में चेन्नई सुपर किंग्स की शुरुआत कुछ खास नहीं रही है. टीम ने अब तक चार मैच खेले हैं, जिसमें सिर्फ एक जीत मिली है और तीन मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा है. CSK फिलहाल अंक तालिका में नौवें स्थान पर है. पिछले मुकाबले में दिल्ली कैपिटल्स से 25 रन से हार के बावजूद, फैंस को धोनी की 26 गेंदों में नाबाद 30 रन की पारी ने खूब रोमांचित किया, जिसमें उन्होंने एक चौका और एक छक्का भी जड़ा. अब चेन्नई सुपर किंग्स मंगलवार, 8 अप्रैल को पंजाब किंग्स के साथ भिड़ेगी. 

बदली-बदली सी है RCB, सबको घर में घुस के दे रही शिकस्त, दोहरा दिया 13 साल पुराना रिकॉर्ड

मैच से पहले पांड्या ब्रदर्स में प्यार-दुलार, फिर बेरहम बने हार्दिक, भाई क्रुणाल के ओवर में उड़ाया छक्के पर छक्का

जीत के साथ मिला दंड, रजत पाटीदार पर BCCI ने लगाया लाखों का जुर्माना, इस वजह से मिली सजा

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Anant narayan shukla

अनन्त नारायण शुक्ल प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट क्रिएटर के रूप में कार्यरत हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में करीब दो वर्षों का अनुभव है. अनन्त राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मामलों, वैश्विक भू-राजनीति (ग्लोबल जियोपॉलिटिक्स), रक्षा नीति, कूटनीति और विश्व राजनीति से जुड़े विषयों पर खबरें करते हैं. वे दुनिया भर में घट रही महत्वपूर्ण घटनाओं को गहरी रिसर्च और तथ्यमात्मक विश्लेषण के साथ पाठकों तक पहुंचाने का काम करते हैं.

अनन्त मुख्य रूप से अंतरराष्ट्रीय संघर्ष, वैश्विक सुरक्षा, रक्षा रणनीतियों, विदेश नीति, भारत के पड़ोसी देशों से जुड़े घटनाक्रम और विश्व स्तर पर भारत की भूमिका जैसे विषयों को कवर करते हैं. इजरायल-ईरान संघर्ष, अमेरिका की विदेश नीति, परमाणु सुरक्षा, पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) के हालात, नेपाल-चीन सीमा से जुड़े मुद्दे और वैश्विक कूटनीतिक घटनाक्रम पर उनकी विशेष पकड़ है. इसके अलावा वे अंतरराष्ट्रीय आपदाओं, विदेशों में बसे भारतीयों और वैश्विक स्तर पर भारत के बढ़ते प्रभाव से जुड़ी खबरों पर भी नियमित रूप से लिखते हैं.

इतिहास, राजनीति और विज्ञान में उनकी गहरी रुचि रही है, जिसने उन्हें वैश्विक मामलों और अंतरराष्ट्रीय पत्रकारिता की ओर प्रेरित किया. यही वजह है कि उनके लेखों में विषय की गहराई, एक्सपर्ट्स की राय के साथ उनके कमेंट्स, तथ्यों की सटीकता और व्यापक संदर्भ देखने को मिलता है. बदलते वैश्विक परिदृश्य पर उनकी पैनी नजर रहती है, जिससे वे पाठकों तक समय पर विश्वसनीय और विश्लेषणात्मक जानकारी पहुंचाते हैं.

अनन्त को राष्ट्रीय राजनीति की भी समझ है. उन्होंने झारखंड विधान सभा 2024, दिल्ली विधान सभा चुनाव 2025 चुनाव और देश के अन्य चुनावों को कवर किया है. चुनाव के काउंटिंग डे को कवर करने का भी उनके पास काफी अनुभव है.

अनन्त कभी-कभी नेशनल डेस्क भी संभालते हैं, जिसमें देश भर में जनता से जुड़े जरूरी सामाजिक मुद्दे, न्यायिक खबरों और अपराध की खबरों को भी कवर करते हैं. इसके अलावा उन्हें रोचक जानकारियों को क्यूरेट करने का भी शौक है. इसमें लाइफस्टाइल, ऐतिहासिक और पुरातात्विक जानकारी के साथ ही दुनिया भर के साम्राज्यों के बारे में खबरें करते हैं.

उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के रहने वाले अनन्त ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. उन्होंने 2024 में अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत प्रभात खबर में खेल पत्रकार के रूप में की थी, जहां उन्होंने करीब एक वर्ष तक क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़ी खबरों को कवर किया. बाद में अपनी रुचि और विशेषज्ञता के चलते उन्होंने अंतरराष्ट्रीय डेस्क का रुख किया और आज वैश्विक राजनीति व भू-राजनीति के प्रमुख विषयों पर लेखन कर रहे हैं.

तथ्यों की पुष्टि और सटीक जानकारी को वे अपनी पत्रकारिता का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा मानते हैं. उनका प्रयास रहता है कि पाठकों को विश्व घटनाक्रम की भरोसेमंद, संतुलित और गहन जानकारी सरल भाषा में उपलब्ध हो, ताकि वे वैश्विक मुद्दों को बेहतर ढंग से समझ सकें.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >