एक के बाद एक चूक कर रहे खिलाड़ी पर भड़के संजय मांजरेकर, कैप्टन गिल को दी सलाह; उसकी जगह बदलो

IND vs ENG Sanjay Manjrekar on Yashasvi Jaiswal: भारत-इंग्लैंड पहले टेस्ट में यशस्वी जायसवाल ने पहले दिन शतक जड़कर इतिहास रचा, लेकिन उसके बाद उनका प्रदर्शन गिरा. तीन ड्रॉप कैच और दूसरी पारी में सिर्फ 4 रन के कारण तीसरे दिन तक उनकी आलोचना शुरू हो गई. इस पर संजय मांजरेकर ने सलाह दी कि भारत को बाकी मैचों के लिए जायसवाल को स्लिप से बाहर कर देना चाहिए.

IND vs ENG Sanjay Manjrekar on Yashasvi Jaiswal: भारत और इंग्लैंड के बीच चल रहे पहले टेस्ट मैच में यशस्वी जायसवाल को टेस्ट क्रिकेट की असली कसौटी का अनुभव मुश्किल तरीके से हुआ. 23 वर्षीय युवा बल्लेबाज ने भले ही पहले दिन शानदार शतक जड़कर इतिहास रच दिया, वे ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड में अपने पहले टेस्ट में शतक लगाने वाले पहले खिलाड़ी बने, लेकिन उसके बाद उनका प्रदर्शन गिरावट में रहा. तीसरे दिन तक जायसवाल की आलोचना शुरू हो चुकी थी. कारण? उन्होंने तीन कैच टपका दिए, जिनमें से दो साधारण कैच माने जा रहे हैं. इसके अलावा उन्होंने दूसरी पारी में सिर्फ 4 रन बनाए. इस पर संजय मांजरेकर ने सुझाव दिया कि टीम इंडिया को भारत बनाम इंग्लैंड पहले टेस्ट के शेष मैचों के लिए जायसवाल को स्लिप से बाहर करना चाहिए.

संजय मांजरेकर की सलाह- जायसवाल को स्लिप से हटाओ

पूर्व भारतीय बल्लेबाज और कमेंटेटर संजय मांजरेकर ने कहा कि इस टेस्ट के बाकी हिस्से के लिए यशस्वी जायसवाल की जगह साई सुदर्शन को लाया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि टीम इंडिया को नियमित स्लिप फील्डर्स के अलावा कुछ अतिरिक्त खिलाड़ियों को भी स्लिप कैचिंग के लिए तैयार करना चाहिए. मांजरेकर ने ईएसपीएनक्रिकइंफो से बातचीत करते हुए कहा, “ऑस्ट्रेलिया और उससे पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज में मैंने जायसवाल को गली में कुछ बेहतरीन कैच लेते देखा. मैंने उस समय कहा था कि भारत को एक शानदार गली फील्डर मिल गया है. लेकिन इस टेस्ट में उन्होंने तीन कैच गिरा दिए हैं. जायसवाल में कैचिंग का टैलेंट है, लेकिन लंबे समय तक स्लिप में खेलने वाले फील्डर वही होते हैं जो लगभग हर कैच पकड़ते हैं.”

जायसवाल ने दूसरे दिन बेन डकेट और ओली पोप के कैच छोड़े. जब डकेट का कैच छूटा तब वे 15 रन पर थे और फिर उन्होंने 62 रन बनाए. ओली पोप जब 60 पर थे तब उनका भी कैच छूटा और उन्होंने 106 रन बनाए. तीसरा ड्रॉप कैच तीसरे दिन हैरी ब्रूक का था, जो 83 पर थे और 99 रन बनाकर आउट हुए. इन तीनों बल्लेबाजों ने कुल मिलाकर 109 रन और जोड़ दिए और अंततः भारत को सिर्फ 6 रन की मामूली बढ़त मिल सकी.

यशस्वी की जगह साई को लाएं

मांजरेकर ने आगे कहा, “अभी के हालात में जायसवाल को लेकर संदेह बना रहेगा कि वे लंबे समय तक स्लिप फील्डर बन सकते हैं या नहीं. सबसे अच्छे स्लिप फील्डर का भी कभी खराब दिन हो सकता है. लेकिन अभी बात उन्हें प्रेरित करने की नहीं है, बल्कि टीम के हित की है. हो सकता है यह उनका टेस्ट मैच न हो. ऐसे में किसी और को मौका देना चाहिए. मुझे लगता है कि साई सुदर्शन वह खिलाड़ी हो सकते हैं.”

मांजरेकर ने सुझाव दिया कि अभ्यास सत्रों के दौरान भी दो बैकअप स्लिप फील्डर्स तैयार किए जाएं ताकि अगर कोई खिलाड़ी खराब दिन से गुजर रहा हो तो तुरंत विकल्प मौजूद हो.  उन्होंने कहा, “शुभमन गिल को चौड़ी स्लिप कॉर्डन पसंद है, ऐसे में अगर जायसवाल या कोई और फील्डर अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पा रहा हो तो आपके पास विकल्प होना चाहिए.”

हेडिंग्ले टेस्ट मैच का हाल

वहीं पहले टेस्ट मैच की बात करें, तो इंग्लैंड ने कल के स्कोर 209/3  से आगे खेलना शुरू किया और 465 रन पर अपनी पारी समाप्त की. वहीं दूसरी पारी में भारत ने दिन का खेल समाप्त होने तक 90 रन बनाए. केएल राहुल 47 और कप्तान शुभमन गिल 6 रन बनाकर नाबाद रहे. भारत ने साई सुदर्शन (30) और यशस्वी जायसवाल (4) के विकेट गंवाए.  

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