Delhi Elections Results : आतिशी, अलका और अरीबा सहित इन 5 महिला उम्मीदवारों पर है सबकी नजर

Delhi Elections Results : दिल्ली विधानसभा चुनाव में इस बार 96 महिलाओं ने अपनी किस्मत आजमाई है, जिनमें से कुछ ऐसी महिलाएं भी हैं, जिनके चुनाव परिणाम पर सबकी नजरें टिकीं हैं. इनमें मुख्यमंत्री आतिशी से लेकर कांग्रेस की अलका लांबा और बीजेपी की शिखा राय भी शामिल हैं. तो आइए जानते हैं महिला उम्मीदवारों का हाल.

Delhi Elections Results : दिल्ली में किस पार्टी की सरकार बनेगी इस लेकर आरोप–प्रत्यारोप का दौर जारी है. 70 सदस्यीय विधानसभा के लिए 699 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं जिनमें से 96 महिलाएं है. महिला उम्मीदवारों में से कुछ ऐसी महिलाएं हैं, जिनके चुनाव परिणाम पर सबकी नजरें हैं.

कालकाजी सीट पर आतिशी की राह आसान नहीं

आतिशी : दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी इस बार कालकाजी विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रही हैं. उनके खिलाफ चुनावी मैदान में कांग्रेस की अलका लांबा हैं, जो आम आदमी पार्टी के साथ रह चुकी है. आतिशी मुख्यमंत्री हैं और उन्हें आप के शिक्षा माॅडल का श्रेय दिया जाता है.

अलका लांबा दे रही हैं आतिशी को टक्कर

अलका लांबा : अलका लांबा कांग्रेस की दिग्गज नेता हैं और पिछले 30 सालों से राजनीति में हैं. उन्होंने 2014 में कांग्रेस पार्टी छोड़ी दी लेकिन 2019 में वे फिर कांग्रेस के साथ आ गई हैं. यही वजह है कि कालकाजी सीट दिल्ली की सबसे चर्चित सीट में से एक बन गई है.

शिखा राय सौरभ के खिलाफ फिर मैदान में

शिखा राय : बीजेपी की शिखा राय ग्रेटर कैलाश विधानसभा क्षेत्र से मैदान में हैं. वे पेशे से वकील हैं और उन्हें पार्टी ने आप नेता सौरभ भारद्वाज के खिलाफ चुनाव मैदान में उतारा है. 2020 के चुनाव में भी शिखा राय सौरभ भारद्वाज के चुनाव लड़ी थीं, लेकिन उन्हें 17000 वोटों के अंतर से हार मिली थी.

अमानतुल्लाह खान को अरीबा खान की चुनौती

अरीबा खान : कांग्रेस की युवा नेता अरीबा खान ओखला विधानसधा सीट से चुनावी मैदान में हैं और आम आदमी पार्टी के विधायक अमानतुल्लाह खान को चुनौती दे रही हैं. अरीबा खान के पिता आसिफ खान दो बार ओखला से विधायक रहे हैं.

रागिनी पर वजीरपुर फतह करनी की जिम्मेदारी

रागिनी नायक :  वजीरपुर निर्वाचन क्षेत्र से कांग्रेस की उम्मीदवार रागिनी नायक चुनावी मैदान में हैं. 42 वर्षीय रागिनी का मुकाबला आप उम्मीदवार राजेश गुप्ता और बीजेपी उम्मीदवार पूनम शर्मा से है. रागिनी नायक टीवी बहस के दौरान कांग्रेस का पक्ष मजबूती से रखती रही हैं और पार्टी का जाना पहचाना नाम हैं.

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By Rajneesh anand

रजनीश आनंद प्रभात खबर में सीनियर चीफ कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हैं और पत्रकारिता के क्षेत्र में 25 वर्षों से अधिक का अनुभव रखती हैं.फिलहाल वे प्रभात खबर के ओरिजिनल, नेशनल, इंटरनेशनल और खेल कैटेगरी के लिए राइटिंग का काम करती हैं. उनकी पहचान फैक्ट बेस्ट रिपोर्टिंग, रिसर्च बेस्ड स्टोरी और एक्सप्लेनर लेखन के लिए है.

राजनीति, सामाजिक सरोकार, ग्रामीण विकास, महिला मुद्दों, इतिहास, खेल, जनजातीय समाज और सार्वजनिक नीतियों से जुड़े विषयों पर उनकी विशेष रुचि रही है. वैसे मुद्दे जो समाज के हाशिये पर मौजूद समुदायों और आम लोगों के जीवन को प्रभावित करते हैं, लेकिन मुख्यधारा की बहस में अपेक्षाकृत कम जगह पाते हैं, ऐसे विषयों पर भी लेखन में रुचि रखती हैं.

रजनीश आनंद कई प्रतिष्ठित पत्रकारिता फेलोशिप से जुड़ी रही हैं. इन्क्लूसिव मीडिया–यूएनडीपी फेलोशिप के तहत उन्होंने झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) जिले में माहवारी स्वच्छता और किशोरियों एवं महिलाओं के स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों पर अध्ययन एवं रिपोर्टिंग की. झारखंड सरकार मीडिया फेलोशिप के दौरान महिला सशक्तिकरण, सरकारी योजनाओं के प्रभाव और सामाजिक बदलाव के विभिन्न आयामों पर काम किया. इसके अलावा सेव द चिल्ड्रन फेलोशिप के तहत बच्चों के अधिकार, शिक्षा, सुरक्षा और बाल कल्याण से जुड़े मुद्दों पर गहन रिपोर्टिंग की है.

आदिवासी समाज, विशेषकर मुंडा जनजाति के इतिहास, संस्कृति और समकालीन चुनौतियों पर उनका काम उल्लेखनीय माना जाता है. उन्होंने भूमि, पहचान, परंपरा, सामाजिक बदलाव और आदिवासी समुदायों के अधिकारों से जुड़े विषयों पर व्यापक फील्ड रिपोर्टिंग की है.हाल के वर्षों में उन्होंने झारखंड में ऊर्जा संक्रमण (Energy Transition) और जस्ट ट्रांजिशन की अवधारणा पर भी काम किया है. विशेष रूप से कोयला आधारित अर्थव्यवस्था वाले क्षेत्रों में रोजगार, आजीविका और सामाजिक प्रभावों से जुड़ी चुनौतियों पर उनकी रिपोर्टिंग ने महत्वपूर्ण सवाल उठाए हैं.

रजनीश आनंद झारखंड की राजधानी रांची में रहती हैं और इलाहाबाद विश्वविद्यालय से स्नातक हैं. उन्होंने वर्ष 2000 में पत्रकारिता की शुरुआत झारखंड जागरण दैनिक से की. इसके बाद प्रभात खबर, हिंदुस्तान, रांची एक्सप्रेस और दैनिक जागरण सहित कई प्रमुख समाचार संस्थानों के लिए रिपोर्टिंग और स्वतंत्र लेखन किया. प्रिंट मीडिया के दैनिक, साप्ताहिक, पाक्षिक और सांध्य प्रकाशनों में काम करने के साथ-साथ वे वर्ष 2012 से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं.

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