ऐतिहासिक 124 संविधान संशोधन

सवर्णों को दस प्रतिशत आरक्षण प्रदान करनेवाला बिल पर राष्ट्रपति की मुहर लग गयी है. सवर्ण समाज के लोग खुशी जाहिर कर रहे हैं, क्योंकि लंबे समय के बाद सरकार ने माना कि जाति और मजहब देख कर गरीबी नहीं आती. समाज का हर तबका गरीब हो सकता है. इस बिल को लाकर भाजपा ने […]

सवर्णों को दस प्रतिशत आरक्षण प्रदान करनेवाला बिल पर राष्ट्रपति की मुहर लग गयी है. सवर्ण समाज के लोग खुशी जाहिर कर रहे हैं, क्योंकि लंबे समय के बाद सरकार ने माना कि जाति और मजहब देख कर गरीबी नहीं आती. समाज का हर तबका गरीब हो सकता है. इस बिल को लाकर भाजपा ने तो अपना चुनावी रास्ता भी तैयार कर लिया है.
वहीं चुनावी मौसम होने के कारण कोई भी दल खुल कर इस बिल का विरोध नहीं कर पाया और समर्थन में अपना मत दिया है. यह एक ऐतिहासिक लम्हा भी रहा, क्योंकि एक सरकार ने तो अपने 55 वर्षों के शासन में भी इस कानून को पास नहीं करा पाया, वहीं भाजपा ने इस बिल को सिर्फ पांच दिनों में कानून का रूप दे दिया.
धीरज पाठक, शास्त्रीनगर, चैनपुर

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >