प्रतिवर्ष बरसात के दिनों में हरियाणा के हथनीकुंड बैराज से बड़ी भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने से यमुना बड़े उफान पर होती है, जिससे आसपास के क्षेत्र बाढ़ की चपेट में होते हैं. खुद दिल्ली को भी खतरा रहता है.
इसका प्रमुख कारण लंबे समय से यमुना की सफाई और खुदाई का न होना और अनेक जगहों पर बड़े अतिक्रमण का होना भी है. इसलिए इस भीषण जल संकट के समय से इस अमूल्य पानी को बचाने के साथ-साथ पूरे एनसीआर में केएमपी, कुंडली-मानेसर-पलवल हाइवे के साथ रिंग यमुना का भी होना बहुत जरूरी है. इससे एनसीआर में प्रदूषण का स्तर भी काफी कम होगा.
वेद मामूरपुर, नरेला, नयी दिल्ली
