SIR in Bengal : TMC सांसद कल्याण बनर्जी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एसआईआर को लेकर बड़ा दावा किया है. उन्होंने लिखा कि चीफ इलेक्शन कमीशन द्वारा एसआईआर प्रक्रिया के संचालन ने बंगाल में आम नागरिकों और बीएलओ पर भारी दबाव डाल दिया है. अब तक 43 लोग सीधे प्रभावित हुए हैं. इनमें 20 लोगों ने आत्महत्या कर ली, 3 ने आत्महत्या की कोशिश की जबकि 6 गंभीर रूप से बीमार हो गए. कई अन्य डर और तनाव में अपनी जान गंवा बैठे. एयर-कंडीशनर वाले दफ्तर में बैठकर इस पीड़ा की वास्तविक गंभीरता को समझ पाना मुश्किल है. बीएलओ पर डाले जा रहे काम के अधिक बोझ को तभी समझा जा सकता है जब उन दूर-दराज गांवों में जाया जाए.
दूर-दराज ग्रामीण इलाकों में खुद जाएं निर्वाचन अधिकारी : कल्याण बनर्जी
कल्याण बनर्जी ने आगे लिखा कि बीएलओ दिन भर लोगों को फॉर्म बांटने में लगे रहते हैं और रात देर तक उन्हें अपलोड करने की कोशिश करते हैं. कई इलाकों में सर्वर तक पहुंच, इंटरनेट कनेक्टिविटी और मदद लगभग न के बराबर होती है. रिपोर्ट के अनुसार कुछ जगहों पर (इनमें शुभेंदु अधिकारी के अपने विधानसभा क्षेत्र भी शामिल हैं) पंचायत कार्यालयों में नियमित प्रशासनिक कामकाज तक में बाधा डाली जा रही है. उन्होंने आगे लिखा कि मैं मुख्य निर्वाचन अधिकारी से अपील करता हूं कि वे बंगाल के सबसे दूर-दराज ग्रामीण इलाकों में जाएं और इन कठिनाइयों को खुद देखें.
लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा करेंगे हम : कल्याण बनर्जी
उन्होंने आगे लिखा कि जहां तक राजनीतिक माहौल की बात है, प्रधानमंत्री मोदी और अमित शाह चुनाव से पहले जितनी बार चाहें बंगाल आएं, क्योंकि बंगाल की जनता अपना जवाब देना अच्छी तरह जानती है. हम वैध मतदाताओं के नाम हटाने की किसी भी कोशिश के खिलाफ एकजुट खड़े हैं. बंगाल के लोग हमारे साथ हैं और हम मिलकर उनके लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा करेंगे.
