PHOTOS: दिल्ली में ममता दीदी का दिखा अलग अंदाज, तस्वीरों में देखें टीएमसी सुप्रीमो की मुलाकातों का सिलसिला

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का सोमवार को दिल्ली में अलग अंदाज दिखा. आमतौर पर नीली पाढ़ वाली सफेद साड़ी के साथ शॉल ओढ़ने वालीं ममता दीदी आज बेहद फैशनेबल अंदाज में दिखीं. आप भी देखें तस्वीरें...

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और वर्तमान समय में देश की सबसे तेज-तर्रार महिला नेता ममता बनर्जी चार दिन की दिल्ली यात्रा पर हैं. यात्रा के पहले दिन सोमवार (18 दिसंबर) को वह अलग अंदाज में नजर आईं. आमतौर पर नीली पाढ़ वाली सफेद साड़ी और ठंड के दिनों में शॉल ओढ़ने वालीं ममता दीदी आज नए रूप में दिखीं. उनका स्टाइल निराला था.

लंबे समय से ममता दीदी को जिन लोगों ने देखा है, उन्होंने हमेशा साड़ी, हवाई चप्पल और ठंड के मौसम में शॉल ओढ़े ही देखा है. लेकिन, आज जब वह दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से मिलने के लिए उनके आवास पर पहुंचीं, तो ममता बनर्जी का ड्रेस देख सब दंग रह गए.

ममता बनर्जी आज बेहद स्टाइलिश लग रहीं थीं. उन्होंने पारंपरिक ड्रेस ही पहनी थी, बस शॉल की जगह गहरे नीले रंग की जैकेट पहन ली थी. इसमें उनका लुक बिल्कुल अलग दिख रहा था. इंडियन नेशनल डेमोक्रेटिक इन्क्लूसिव अलायंस (I.N.D.I.A.) की बैठक में शामिल होने से पहले वह अलग-अलग दलों के नेताओं से मुलाकात कर रहीं हैं.

नई दिल्ली पहुंचने के बाद उन्होंने अपनी पार्टी तृणमूल कांग्रेस के नेताओं के साथ भी मुलाकात की. विदेश यात्रा के बाद ममता बनर्जी लंबे अरसे तक बीमार थीं. डॉक्टरों ने उन्हें आराम करने की सलाह दी थी. स्वस्थ होने के बाद ममता दीदी एक बार फिर देश की राजनीति में सक्रिय हो गईं हैं. खासकर पांच राज्यों के चुनावों में कांग्रेस की पराजय के बाद दीदी विशेष रूप से सक्रिय हैं.

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दिल्ली में उनकी पार्टी के सांसदों ने उनका स्वागत किया. यहां ममता बनर्जी ने पार्टी के सभी सांसदों के साथ देश की राजनीति पर चर्चा की. यह भी चर्चा हुई कि आने वाले दिनों में केंद्र की नरेंद्र मोदी और भाजपा नीत एनडीए सरकार के खिलाफ किस तरह से संघर्ष किया जाए.

ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस ने वर्ष 2021 में भाजपा को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में बुरी तरह से पराजित कर दिया था. हालांकि, भाजपा ने वहां अपनी पूरी ताकत लगा दी थी. काफी संख्या में तृणमूल के नेताओं को तोड़ लिया था. फिर भी पार्टी वहां जीत नहीं सकी.

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इसके बाद ही ममता बनर्जी केंद्र में भाजपा के खिलाफ मजबूत गठबंधन की पहल की. बाद में गठबंधन का नेतृत्व करने की जिम्मेदारी उन्होंने बिहार के सीएम नीतीश कुमार को सौंप दी. नवंबर में संपन्न हुए पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव से पहले इस गठबंधन की खटास सतह पर आ गई. अब चुनाव परिणाम आने के बाद एक बार फिर सभी दल एक साथ बैठक कर मोदी सरकार को हराने की रणनीति बनाने के लिए दिल्ली में एकजुट हो रहे हैं.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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