Kartavya Bhavan: PM मोदी ने किया 'कर्तव्य भवन' का उद्घाटन, जानिए क्या है इसकी खासियत

Kartavya Bhavan: प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने 6 अगस्त 2025 को सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के तहत बने कर्तव्य भवन का उद्घाटन किया है. इस भवन को बनाने का उद्देश्य केंद्र सरकार के अलग-अलग मंत्रालयों और विभागों को एक ही स्थान पर लाना है. चलिए इस आर्टिकल के माध्यम से जानते हैं इस भवन में क्या -क्या खास है.

Kartavya Bhavan: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को कर्तव्य भवन-3 का उद्घाटन किया. इस भवन को सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के तहत बनाया गया है. इस परियोजना के अंतर्गत 10 भवनों का निर्माण होना है, जिनमें से 3 का निर्माण पूरा हो चुका है. इस भवन को बनाने का मकसद केंद्र के सभी मंत्रालय और विभागों को एक ही स्थान पर चलाना है.

इस भवन को कर्तव्य पथ के दोनों तरफ बनाया गया है. इस भवन में एक साथ केंद्र सरकार के सभी मंत्रालय चलेंगे. सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के तहत बने केंद्र मंत्रालय के विभिन्न विभागों के लिए ऐसे 10 भवनों का निर्माण किया जाना है.

1.5 लाख वर्ग मीटर क्षेत्र में फैला हुआ है यह भवन

इस भवन को आधुनिक उपकरणों से लैस बनाया गया है. यह 1.5 लाख वर्ग मीटर क्षेत्र में फैला हुआ है. इस भवन में दो फ्लोर हैं और लेवल हैं. कर्तव्य भवन-3 में गृह मंत्रालय, विदेश मंत्रालय, कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग, पेट्रोलियम, प्राकृतिक गैस मंत्रालय और प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार के कार्यालय हैं. 

इस भवन में मुख्य 24 कॉन्फ्रेंस हॉल हैं. इन हॉल्स में एक बार में 45 लोग बैठ सकते हैं. वहीं इस भवन में अलग से 26 छोटे कॉन्फ्रेंस हॉल हैं. इनकी क्षमता की बात करें तो इनमें एक बार में 25 लोगों की बैठक कर सकते हैं. इसके अलावा इस भवन में 67 मीटिंग रूम या वर्क हॉल भी हैं. हर एक रूम की क्षमता 9 लोगों की है.

पार्किंग क्षमता

यदि कर्तव्य भवन में पार्किंग सुविधा की बात करें तो यहां एक बार में 600 गाड़ियों को पार्क किया जा सकता है. इसके अलावा इस भवन में योगा, क्रेच, मेडिकल रूम, कैफे और मल्टीपर्पज हॉल भी बनाए गए हैं. भवन में कुल 27 लिफ्ट, 27 सेंट्रलाइज एयर कंडीशन और 2 स्वचालित सीढ़ियां हैं. भवन की निगरानी के लिए एक सीसीटीवी सेंटर भी इस भवन के अंदर बनाया गया है.

भवन में लगाए गए हैं 5.34 लाख सोलर पैनल

इस भवन में बिजली की आपूर्ति के लिए सोलर पैनल लगाए गए हैं. बताया जा रहा है कि पूरे भवन में कुछ 5.34 लाख सोलर पैनल लगाए गए हैं. 2027 तक यह परियोजना पूरा हो जाएगा. इस परियोजना के तहत कृषि भवन, उद्योग भवन, शास्त्री भवन और निर्माण भवन को तोड़ दिया जाएगा. इन मंत्रालयों को खाली कराने का कार्य शुरू कर दिया गया है. बताया जा रहा है कि जैसे-जैसे इन 10 भवनों का निर्माण कार्य पूरा होगा, वैसे ही इन मंत्रालयों को भवन में शिफ्ट कर दिया जाएगा.

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लेखक के बारे में

Author: Neha Kumari

नेहा कुमारी प्रभात खबर डिजिटल में जूनियर कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हैं. उन्हें लेखन के क्षेत्र में एक वर्ष से अधिक का अनुभव है. पिछले छह महीनों से वे राशिफल और धर्म से जुड़ी खबरों पर काम कर रही हैं. उनका मुख्य कार्य व्रत-त्योहारों, पौराणिक कथाओं और भारतीय रीति-रिवाजों से जुड़ी जानकारी को सरल भाषा में लोगों तक पहुंचाना है. नेहा का हमेशा यह प्रयास रहता है कि वे कठिन से कठिन विषय को भी इतना आसान और रोचक बना दें कि हर कोई उसे सहजता से पढ़ और समझ सके. उनका मानना है कि यदि धर्म और संस्कृति से जुड़ी जानकारी सरल शब्दों में मिले, तो लोग अपनी परंपराओं से बेहतर तरीके से जुड़ पाते हैं. डिजिटल मीडिया में अपने करियर की शुरुआत उन्होंने प्रभात खबर में ही ‘नेशनल’ और ‘वर्ल्ड’ डेस्क पर छह महीने की इंटर्नशिप के साथ की थी. इस दौरान उन्होंने रियल-टाइम खबरों पर काम करना, तेजी और सटीकता के साथ कंटेंट लिखना, ट्रेंडिंग विषयों की पहचान करना और डिजिटल पत्रकारिता की बारीकियों को करीब से समझा. इस अनुभव ने उनकी न्यूज़ सेंस, लेखन क्षमता और खबरों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने की समझ को और अधिक मजबूत बनाया.

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