Monsoon 2023: जानें आपके राज्य में कब से होगी मॉनसून की झमाझम बारिश, मौसम विभाग का आया अलर्ट

Monsoon Rain/Monsoon 2023 Tracker: मॉनसून का इंजतार खत्म हो गया है. इस वर्ष आठ जुलाई तक मॉनसून पूरे देश में छा जायेगा और झमाझम बारिश होगी. भारी बारिश के साथ मॉनसून केरल पहुंचा. 15 को झारखंड में दस्तक देगा.

Monsoon Rain/Monsoon 2023 Tracker: भारी बारिश के साथ मॉनसून गुरुवार को केरल तट पर पहुंच गया. इसके साथ ही देशभर में मॉनसून का इंतजार खत्म हो गया. शुक्रवार को इसके कर्नाटक व तमिलनाडु पहुंचने की उम्मीद है. विभाग के मुताबिक, 10 जून तक मॉनसून महाराष्ट्र पहुंच जायेगा और बंगाल की सीमा से टकरायेगा. इसके बाद आगे बढ़ते हुए 15 जून को यह गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार पहुंच जायेगा. वहीं, 20 जून को ये गुजरात के आंतरिक इलाकों, मध्य प्रदेश के मध्य हिस्सों और उत्तर प्रदेश में दस्तक देगा. 30 जून को यह राजस्थान, दिल्ली, हरियाणा और पंजाब पहुंचेगा और आगे बढ़ते हुए आठ जुलाई तक मॉनसून पूरे देश में पहुंच जायेगा.

बता दें कि मॉनसून आम तौर पर एक जून के आसपास केरल तट से टकराता है. 26 मई को भारत मौसम विभाग (आइएमडी) ने चार जून को मॉनसून के केरल पहुंचने की बात कही थी, लेकिन अरब सागर में उठे बिपरजॉय तूफान ने इसका रास्ता रोक लिया था. बिपरजॉय अब पाकिस्तान की ओर बढ़ गया है, जिससे केरल पहुंचने के लिए मॉनसून का रास्ता साफ हो गया.

देश में सामान्य बारिश होने की उम्मीद

अलनीनो की स्थिति विकसित होने के बावजूद दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के मौसम में भारत में सामान्य बारिश होने की उम्मीद आइएमडी ने जतायी है. उत्तर-पश्चिम भारत में सामान्य या कम बारिश होने की उम्मीद है. पूर्व व उत्तर पूर्व दक्षिण प्रायद्वीप में इस दौरान 94 से 106 प्रतिशत सामान्य वर्षा होने की उम्मीद है.

बिहार-झारखंड में चार दिन तक हीटवेव का अलर्ट

मौसम विभाग ने बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल के अलावा ओडिशा, उत्तर प्रदेश, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और मध्यप्रदेश के कुछ हिस्से में दो से चार दिनों तक भीषण गर्मी सहित हीटवेव का अलर्ट जारी किया है. आइएमडी ने येलो अलर्ट जारी करते हुए सुबह 10:00 बजे से 4:30 बजे तक घर से निकलने पर लोगों से सावधानी बरतनी की अपील की है.

झारखंड में संताल परगना के रास्ते मॉनसून करेगा प्रवेश

मौसम विभाग के अनुसार, केरल में मॉनसून सक्रिय है. इसलिए उम्मीद जतायी जा रही है कि झारखंड पहुंचने से पहले माॅनसून इस बार वापस नहीं होगा. झारखंड में संताल परगना के रास्ते ही मॉनसून के प्रवेश करने की संभावना है. वर्ष 2022 में भी मॉनसून 18 जून को झारखंड में प्रवेश कर गया था.

Also Read: Monsoon 2023: होगी झमाझम बारिश, मौसम विभाग ने बताया बिहार में कब दस्तक देगा मॉनसून

इधर मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद ने कहा है कि झारखंड के लोगों को फिलहाल गरमी से निजात नहीं मिलने जा रही है. नौ, 10 व 11 जून को रांची सहित अन्य जिलों में लू की स्थिति बनी रहेगी. जबकि 11 व 12 जून को संताल परगना के साथ दक्षिण झारखंड के मध्य भाग में वज्रपात के साथ हल्की बारिश हो सकती है. इस समय ही प्री मॉनसून बारिश होने की संभावना है. गुरुवार को झारखंड में सबसे अधिक तापमान गोड्डा का रिकॉर्ड किया गया. यहां का अधिकतम तापमान 44.6 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया. जबकि मेदिनीनगर का अधिकतम तापमान 43.4 डिग्री सेल्सियस रहा. जमशेदपुर में 43.6 डिग्री सेल्सियस तथा रांची का अधिकतम तापमान 39.2 डिग्री सेल्सियस रहा.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >