Bengal Politics: पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) पर जारी विवाद के बीच कोलकाता में चीफ इलेक्शन कमिश्नर की एक चूक से राजनीतिक तूफान आ गया है. ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को ‘अज्ञानी’, ‘अक्षम’ और ‘गूफ अप कुमार’ तक कह दिया. मामला राष्ट्र गीत और राष्ट्र गान से जुड़ा है.
ज्ञानेश कुमार ने राष्ट्र गीत और राष्ट्र गान दोनों को नेशनल सांग कहा
मंगलवार को भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त (Chief Election Commissioner) ज्ञानेश कुमार कोलकाता में पत्रकारों को संबोधित कर रहे थे. इस दौरान उन्होंने कहा कि देश के राष्ट्र गीत और राष्ट्र गान की रचना बंगाल में हुई है. उन्होंने राष्ट्र गीत और राष्ट्र गान दोनों को ‘नेशनल सांग’ कह दिया. हालांकि, बाद में उन्होंने कहा कि नेशनल सांग और नेशनल एंथेम दोनों की रचना बंगाल के 2 महापुरुषों ने की.
ज्ञानेश कुमार के 15 सेकेंड के बयान को AITC ने किया वायरल
तृणमूल कांग्रेस ने ज्ञानेश कुमार के प्रेस कॉन्फ्रेंस का 15 सेकेंड का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जिसमें वह कह रहे हैं कि नेशनल सांग की रचना रवींद्र नाथ टैगोर ने की थी. सबसे पहले तृणमूल कांग्रेस ने ऑफिशियल एक्स हैंडल पर लिखा- ‘Illogical Discrepancies’ by Gyanesh Kumar!
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मुख्य निर्वाचन आयुक्त को राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत का अंतर नहीं मालूम- TMC
पार्टी ने आगे लिखा- चीफ इलेक्शन कमिश्नर ज्ञानेश कुमार पश्चिम बंगाल के लाखों लोगों के नाम वोटर लिस्ट से डिलीट करने में व्यस्त हैं. तथाकथित लॉजिकल डिस्क्रिपेंसी के नाम पर. यह सब भाजपा के कहने पर हो रहा है. इस शख्स को भारत के राष्ट्र गान और राष्ट्र गीत का अंतर तक नहीं मालूम है.
मुख्य निर्वाचन आयुक्त को दिया राष्ट्र गीत और राष्ट्र गान का ज्ञान
टीएमसी ने आगे लिखा- मुख्य निर्वाचन आयुक्त के लिए एक क्विक फैक्ट चेक : नेशनल एंथेम यानी राष्ट्र गान – जन गण मन… इसकी रचना रवींद्रनाथ टैगोर ने की थी. राष्ट्र गीत – वंदे मातरम. इसकी रचना बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय ने की. इसके बाद पार्टी ने कहा कि वैसे लोग जो बंगाल के बारे में कुछ नहीं जानते, यहां के लोगों के बारे में संस्कृति और इतिहास के बारे में नहीं जानते, उन्हें यहां आकर लेक्चर देने से पहले 2 बार सोचना चाहिए.
टीएमसी के प्रवक्ता ने सीईसी को कहा ‘गूफ अप कुमार’
टीएमसी के प्रवक्ता रिजू दत्त ने एक्स पर लिखा- हेलो, मिस्टर ज्ञानेश कुमार. हमारा राष्ट्र गान – जन गण मन, हमारा राष्ट्र गीत – वंदे मातरम. गूफ अप कुमार, जिसे बुनियादी बातों की भी जानकारी नहीं है, वह एसआईआर के जरिये देश में लाखों लोगों के भाग्य का फैसला कर रहा है. रिजू ने कहा कि यह शख्स मुख्य निर्वाचन आयुक्त के पद पर बैठने के योग्य नहीं है. उसके खिलाफ तत्काल महाभियोग लाया जाना चाहिए.
देवांशु कुमार ने कहा- ज्ञानेश को ज्ञान नहीं
पार्टी के एक और प्रवक्ता देवांशु भट्टाचार्य ने कहा कि ज्ञानेश को ज्ञान नहीं है. वह कहता है कि राष्ट्र गीत जन गण मन है. हाय रे, यदि राष्ट्र गान जन गण मन है, तो वंदे मातरम क्या है? देवांशु ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि नेता वंदे मातरम की रचना करने वाले का नाम ठीक से नहीं बोल पाते और चमचे ने वंदे मातरम में गफलत कर दी. जैसा जड़ वैसा ही बांस.
बंगाल के उच्च शिक्षा मंत्री ने भी की तल्ख टिप्पणी
तृणमूल कांग्रेस के सीनियर लीडर और पश्चिम बंगाल के उच्च शिक्षा मंत्री ब्रात्य बसु ने भी इस मुद्दे पर एक पोस्ट किया. उन्होंने लिखा- हमारे देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्तियों में एक, हमारे मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार जी को यह भी नहीं पता कि हमारा राष्ट्रीय गीत कौन सा है और हमारा राष्ट्रीय गान कौन सा है! आज उन्होंने कहा कि जन गण मन हमारा राष्ट्रीय गान है. संविधान और संवैधानिक तंत्र की गरिमा बनाये रखने के नाम पर क्या खूब तमाशा हो रहा है!
ममता बनर्जी ज्ञानेश कुमार को कह चुकीं हैं तुगलक और तानाशाह
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी CEC को ‘मुहम्मद बिन तुगलक’ कह चुकीं हैं. उन्हें तानाशाह ठहरा चुकी हैं. तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ने ज्ञानेश कुमार पर लोकतंत्र के अधिकारों को कुचलने के आरोप भी लगाये हैं. समाचार लिखे जाने तक इस मुद्दे पर चुनाव आयोग की ओर से कोई स्पष्टीकरण नहीं आया है.
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