कोलकाता आने से पहले पीएम मोदी ने बंगाल को दी रेल प्रोजेक्ट की सौगात, झारखंड को भी होगा फायदा

PM Modi Gift To Bengal: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले केंद्र की नरेंद्र मोदी सरका ने प्रदेश को 4474 करोड़ रुपए की सौगात दी है. केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में मंगलवार को 2 रेल परियोजनाओं को मंजूरी दी गयी. इसका फायदा बंगाल के साथ-साथ पड़ोसी राज्य झारखंड को भी होगा.

PM Modi Gift To Bengal: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कोलकाता यात्रा से पहले केंद्र सरकार ने चुनावी राज्य बंगाल को रेल प्रोजेक्ट की सौगातें दी हैं. केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में मंगलवार को 2 अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गयी, जिससे पश्चिम बंगाल और झारखंड में रेल कनेक्टिविटी को मजबूती मिलेगी. 4,474 करोड़ रुपए की दो रेल परियोजनाओं से पश्चिम बंगाल और झारखंड के 5 जिलों को फायदा होगा.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स पर बताये परियोजना के फायदे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर यह जानकारी दी है. प्रधानमंत्री ने लिखा है कि पूर्वी भारत में रेल कनेक्टिविटी और क्षमता बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है. इससे इस रूट पर ट्रेनों का आवासमन सुगम होगा. झारखंड और बंगाल के बीच रेलवे कनेक्टिविटी मजबूत होगी. साथ ही माल ढुलाई की क्षमता भी बढ़ेगी. इससे दोनों राज्यों की अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा. कार्बन उत्सर्जन में भी कमी आयेगी.

सांतरागाछी से खड़गपुर और सैंथिया से पाकुड़ तक बिछेगी चौथी रेल लाइन

कैबिनेट ने सांतरागाछी-खड़गपुर चौथी लाइन और सैंथिया-पाकुड़ चौथी रेल लाइन परियोजना को मंजूरी दी है. सांतरागाछी-खड़गपुर परियोजना की लागत 2,905 करोड़ रुपए और सैंथिया-पाकुड़ परियोजना की लागत 1,569 करोड़ रुपए है.

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PM Modi Gift To Bengal: मल्टी ट्रैकिंग परियोजना के इतने फायदे

  • पश्चिम बंगाल और झारखंड के 5,652 गांवों तक पहुंच बढ़ेगी. 1.47 करोड़ की आबादी को फायदा होगा.
  • बोलपुर-शांतिनिकेतन, नंदीकेश्वरी मंदिर (शक्तिपीठ), तारापीठ (शक्तिपीठ), पटचित्र ग्राम, ढाड़िका जंगल, भीमबांध वाइल्डलाइफ सैंक्चुअरी और रामेश्वर कुंड जैसे पर्यटन स्थल रेल मार्ग से जुड़ जायेंगे. देश भर से लोग यहां आ सकेंगे.
  • जिन रेल परियोजनाओं को मंजूरी दी गयी है, वह कोयला, स्टेन, डोलोमाइट, सीमेंट, स्लैग, जिप्सम, आयरन एंड स्टील, खाद्य पदार्थ, कंटेनर आदि की ढुलाई के लिए जरूरी रूट हैं. परियोजना पूरी होने के बाद इन सामानों की ढुलाई आसान होगी.

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By Mithilesh Jha

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