Coronavirus News: एयरपोर्ट पर नहीं लगेगी शिक्षकों की कोरोना ड्यूटी, विरोध के बाद DM ने वापस लिया आदेश

जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने 31 दिसंबर से 15 जनवरी तक दिल्ली हवाईअड्डे पर स्कूली शिक्षकों को कोविड ड्यूटी पर तैनात करने के अपने आदेश को वापस लिया. प्राधिकरण का कहना है कि जरूरत पड़ने पर हवाई अड्डे पर नागरिक सुरक्षा कर्मचारियों की तैनाती की जाएगी.

covid cases in india: चीन सहित दुनियाभर के कई देशों में कोरोना के नये वैरिएंट बीएफ7 से भारी तबाही मची हुई है. इधर भारत में भी कोरोना संक्रमण को लेकर हलचल शुरू हो गयी. एयरपोर्ट पर अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की रैंडम कोरोना जांच की जा रही है. इस बीच दिल्ली में स्कूली शिक्षकों को भी एयरपोर्ट पर कोरोना ड्यूटी पर लगाने का आदेश दे दिया गया था. हालांकि आदेश जारी होने के साथ ही इसका विरोध भी शुरू हो गया. बाद में आदेश वापस लेना पड़ा.

31 से 15 जनवरी तक शिक्षकों को एयरपोर्ट पर किया गया था तैनात

दिल्ली सरकार के स्कूलों के शिक्षकों को 31 दिसंबर से 15 जनवरी तक दिल्ली हवाई अड्डे पर तैनात किया गया था. जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने जारी आदेश में बताया था कि शिक्षकों को इसलिए तैनात किया जा रहा है ताकी यह सुनिश्चित किया जा सके कि विदेश से आने वाले यात्रियों द्वारा कोविड 19 उचित व्यवहार का पालन किया जाए.

जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने आदेश वापस लिया

जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने 31 दिसंबर से 15 जनवरी तक दिल्ली हवाईअड्डे पर स्कूली शिक्षकों को कोविड 19 ड्यूटी पर तैनात करने के अपने आदेश को वापस लिया. प्राधिकरण का कहना है कि जरूरत पड़ने पर हवाई अड्डे पर नागरिक सुरक्षा कर्मचारियों की तैनाती की जाएगी.

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दिल्ली में स्कूल बंद

मालूम हो दिल्ली में इस समय सभी सरकारी और गैरसरकारी स्कूल में छुट्टी है. सभी स्कूलों में शीतकालीन अवकाश जारी है, जिसके चलते स्कूल बंद हैं. कुछ देशों में कोविड के मामलों में वृद्धि के मद्देनजर दिल्ली सरकार के अधिकारियों ने किसी भी स्थिति से निपटने की तैयारियों का पता लगाने के वास्ते यहां सभी सरकारी अस्पतालों का दौरा करना सोमवार से शुरू कर दिया.

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लेखक के बारे में

Published by: Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.

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