Gujarat Election: कांग्रेस अपना वजूद ढूंढने को मजबूर, बीजेपी की प्रचंड जीत पर बोले ज्योतिरादित्य सिंधिया

Gujarat Election 2022: बीजेपी की प्रचंड जीत और कांग्रेस की करारी हार पर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कांग्रेस पर निशाना साधा है. उन्होंने इंदौर में कहा कि चुनाव के नतीजों से कांग्रेस अपना वजूद खोजने पर मजबूर हो गयी है. इस दौरान उन्होंने कांग्रेस नेता पर भी कटाक्ष किया.

Gujarat Election 2022: गुजरात विधानसभा चुनाव 2022 में बीजेपी ने सभी प्रतिद्वंदियों को धूल चटाते हुए रिकॉर्डतोड़ जीत दर्ज की है. पार्टी ने 156 सीटों पर परचम लहरा दिया है. इस जीत के साथ ही बीजेपी ने प्रदेश से कांग्रेस का सूपड़ा साफ कर दिया है. गुजरात जीत को लेकर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कांग्रेस पर निशाना साधा है.

वजूद खोजने पर मजबूर कांग्रेस: गुजरात विधानसभा चुनाव में बीजेपी की प्रचंड जीत और कांग्रेस की करारी हार पर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कांग्रेस पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपना वजूद खोजने पर मजबूर हो गयी है. इंदौर में एक संवाददाता सम्मेलन में बोलते हुए सिंधिया ने कहा कि आज कांग्रेस की हालत यह है कि वो अपना वजूद खोजने पर मजबूर है.

हिमाचल में हार का अंतर बहुत कम: केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने हिमाचल प्रदेश में आये नतीजों पर कहा कि कांग्रेस की जीत जरूर हुई है और वो बहुमत में भी आ गयी है लेकिन दोनों पार्टियों के बीच जीत का अंतर काफी कम रहा है. गौरतलब है कि हिमाचल प्रदेश चुनाव में कांग्रेस को 40 सीटें मिली हैं जबकि बीजेपी को चुनाव में 25 सीटें मिली हैं.

एक फीसदी का अंतर रहा गया-सिंधिया: केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव में बीजेपी और कांग्रेस के बीच जीत-हार का अंतर महज एक फीसदी का है. इससे पहले के चुनावों में जीत-हार का अंतर 6 से 7 फीसदी का होता था. इससे जाहिर होता है कि बीजेपी को किस कदर हिमाचल के लोग पसंद कर रहे हैं.

कमलनाथ के दावों पर चुटकी: इसी कड़ी में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कांग्रेस नेता कमलनाथ पर चुटकी भी ली. उन्होंने कहा कि कुछ लोगों को सपना देखने की आदत होती है, वे सपने देखते रहें. दरअसल अगले साल मध्य प्रदेश में चुनाव होना है ऐसे में कमलनाथ ने दावा किया है कि मध्यप्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनेगी.
भाषा इनपुट के साथ

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Author: Pritish Sahay

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